लखनऊ। शहर में सफाई व्यवस्था को लेकर नगर निगम के अफसरों और पार्षदों के बीच टकराव की स्थिति बन गई है। छह वार्डों के पार्षदों ने संयुक्त रूप से महापौर सुषमा खर्कवाल, भाजपा विधायकों और पार्टी संगठन को पत्र भेजकर सफाई का ठेका दूसरी संस्था को देने की तैयारी पर आपत्ति जताई है।
पार्षदों का आरोप है कि उनके वार्डों में सफाई व्यवस्था ठीक होने के बावजूद मौजूदा संस्था को हटाकर लखनऊ स्वच्छता अभियान (एलएसए) को जिम्मेदारी देने की तैयारी की जा रही है।
महापौर को भेजे पत्र में पार्षदों ने कहा कि उन्होंने अपने-अपने वार्डों का निरीक्षण कर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया है। मौजूदा सफाई संस्था के काम से क्षेत्रीय पार्षद और जनता संतुष्ट हैं। निरीक्षण के दौरान सफाई व्यवस्था में कोई बड़ी कमी भी नहीं मिली। इसके बावजूद संस्था बदलने का फैसला उचित नहीं है।
सदन के प्रस्ताव का दिया हवाला
पार्षदों ने नगर निगम सदन में पारित प्रस्ताव का हवाला देते हुए कहा कि क्षेत्रीय पार्षद की अनुमति या संस्तुति के बिना किसी वार्ड में सफाई संस्था नहीं बदली जा सकती। इसके बावजूद नगर निगम प्रशासन पार्षदों से चर्चा किए बिना नई संस्था को जिम्मेदारी देने की तैयारी कर रहा है।
इन पार्षदों ने जताया विरोध
वार्ड
पार्षद
पार्टी
महानगर
हरीश चंद लोधी भाजपा
अयोध्यादास प्रथम मुसव्विर अली
भाजपा
अयोध्यादास सेकेंड
अवधेश त्रिपाठी भाजपा
फैजुल्लागंज सेकेंड प्रियंका वाजपेयी भाजपा
गोमतीनगर
कौशल पाण्डेय भाजपा
कदम रसूल
नदीम खान सपा
सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने के लिए समय-समय पर समीक्षा की जाती है। मामले में जो भी निर्णय होगा, वह नियमों और सदन के प्रस्ताव के अनुरूप ही लिया जाएगा।
-संजीव प्रधान, पर्यावरण अभियंतानगर निगम