विवि प्रशासन द्वारा बीएससी बायो व मैथ्स कोर्स की मान्यता एक साथ दी जाती है। किंतु जब केंद्रीकृत प्रवेश के लिए आवेदन शुल्क लिया जा रहा है तो इसका शुल्क अलग से लिया जा रहा है। इसे लेकर भी काफी कॉलेज परेशान हैं। उनका कहना है कि विवि द्वारा इस व्यवस्था से जुड़ने के लिए लिया जा रहा शुल्क भी काफी अधिक है।
विद्यार्थी पसोपेश में, कॉलेजों के नाम सार्वजनिक नहीं
इस व्यवस्था को लेकर विवि की लेटलतीफी भी विद्यार्थियों के लिए मुसीबत बन रही है। विवि द्वारा प्रवेश आवेदन शुरू कर दिए गए, लेकिन कॉलेजों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए। जबकि कॉलेजों ने भी अपने यहां आवेदन शुरू कर दिए हैं। अब विद्यार्थी पसोपेश में हैं कि वे दोनों जगह आवेदन करें या सिर्फ लविवि में आवेदन से उनको कॉलेजों का विकल्प मिल जाएगा। विवि इस प्रक्रिया में शामिल कॉलेजों की सूची भी सार्वजनिक नहीं कर रहा है।
30 अप्रैल तक आवेदन तिथि बढ़ाई
काफी कम संख्या में संबद्धता आवेदन आने के बाद विवि प्रशासन ने इसके लिए आवेदन तिथि एक महीने बढ़ा दी है। रजिस्ट्रार डॉ. विनोद कुमार सिंह की ओर से जारी सूचना में बताया गया है कि केंद्रीकृत प्रवेश व्यवस्था से जुड़ने के लिए ऑनलाइन आवेदन 30 अप्रैल तक किए जा सकते हैं। कॉलेज अपने पाठ्यक्रम विवरण, निर्धारित शुल्क आदि जमाकर निर्धारित प्रारूप पर इसकी सूचना 30 अप्रैल तक मेल कर सकते हैं।