भंगहा में शनिवार रात घटी यह घटना अचानक यूं ही नहीं घटी। इसकी पटकथा एक पखवाड़ा पूर्व भंगहा चौकी में आयोजित पीस कमेटी की बैठक में ही लिखी जा चुकी थी। पीस कमेटी की बैठक में हिंदू समुदाय के लोगों ने समुदाय विशेष के लोगों से अपना झंडा व बैनर बारह रबीउल अव्वल पर त्योहार से एक दिन पूर्व लगाने की बात कही थी। तब समुदाय विशेष के लोगों के न मानने पर हिंदू समुदाय के लोगों ने नवरात्र पर काफी समय पहले ही झंडा लगाने का दावा किया था। इसके बावजूद समुदाय विशेष के लोगों ने कई दिन पहले ही झंडा लगा दिया था। ऐसे में शनिवार रात दूसरे समुदाय के कुछ बच्चे धार्मिक झंडा बैनर लगा रहे थे। इसी के बाद यह घटना घटी।
समय से चेत जाती पुलिस तो नहीं होती घटना
घटना से करीब दो घंटा पूर्व भंगहा तिराहे के निकट मंसूर की दुकान के सामने झंडा लगाते समय दोनों समुदाय के लोगों में कहासुनी हुई थी। आसपास मौजूद लोगों के समझाने के बाद विवाद टल गया था।लोगों का कहना है कि इसकी जानकारी पुलिस काे दी गई थी। यदि पुलिस पहले से ही गंभीरता दिखा देती तो ऐसी घटना नहीं होती।
डीएम एसपी ने गश्त कर किया शांति की अपील
भंगहा में घटी घटना के बाद रविवार भंगहा पहुंचे डीएम अजय कुमार द्विवेदी व एसपी घनश्याम चौरसिया ने पुलिस बल के साथ भंगहा बाजार में पैदल गश्त किया। इस दौरान दोनों अधिकारियों ने शांति व्यवस्था बनाए रखने, अफवाहों पर ध्यान न देने व अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई करने की चेतावनी भी दिया है। वहीं पूर्व सांसद व जिला पंचायत अध्यक्ष दद्दन मिश्रा ने लोगों से अपील किया है कि लोग अमन चैन बनाए रखें। किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होगा। घटना के जो भी दोषी होगे उन्हें हमारी सरकार में बख्शा नहीं जाएगा।
अग्रेषित पक्ष पर होगी कड़ी कार्रवाई
जिले की कानून व्यवस्था व अमन चैन बिगाड़ने का प्रयास करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में भी यह देखा जाएगा कि पहले कौन सा पक्ष अगेषित हुआ। उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। दोनों पक्ष से 44 लोगों के विरुद्ध नामजद मामला दर्ज कर 23 लोगों को हिरासत में लिया गया है। जिनसे पूछताछ की जा रही है। जल्द ही शेष आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा। फिलहाल स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में हैं।- घनश्याम चौरसिया एसपी