सीतापुर के महोली कस्बे में कंबल वितरण कार्यक्रम में उस वक्त दंगल हो गया, जब धौरहरा सांसद व महोली विधायक आपस में भिड़ गए। विवाद कंबल वितरण का स्थान बदलने को लेकर हुआ। पहले सांसद व विधायक में जमकर तकरार हुई। बाद में दोनों जनप्रतिनिधियों के समर्थक आपस में भिड़ गए।
कार्यक्रम स्थल पर जमकर लात-घूंसे और कुर्सियां चलीं। डीएम, एसपी व भाजपा जिलाध्यक्ष मौके पर पहुंचे। देर शाम तक दोनों के मध्य चली समझौता वार्ता में जिलाध्यक्ष व प्रशासन के अधिकारियों ने सुलह कराई। महोली तहसील के मीटिंग हाल में शनिवार को कंबल वितरण कार्यक्रम में धौरहरा भाजपा सांसद रेखा वर्मा कंबल बांट रहीं थीं।
इसी बीच महोली के भाजपा विधायक शशांक त्रिवेदी वहां पहुंच गए। विधायक ने वहां मौजूद प्रशासनिक अमले से कंबल मीटिंग हॉल के बाहर लगे पंडाल में बांटने को कहा। इतनी सी बात पर ही सांसद व विधायक में तकरार होने लगी।
सांसद ने वहां मौजूद एसडीएम ब्रजपाल सिंह को फटकार लगाई, तो विधायक ने हस्तक्षेप कर दिया। इससे तकरार बढ़ती चली गई और जमकर आरोप-प्रत्यारोप लगने लगे। यह देखते ही वहां मौजूद दोनों जनप्रतिनिधियों के समर्थक भड़क गए और आपस में मारपीट करने लगे।
कार्यक्रम स्थल पर समर्थकों में जमकर लात-घूंसे और कुर्सियां चलीं। मामला सांसद व विधायक के समर्थकों के बीच का था, इसलिए वहां मौजूद प्रशासनिक अमला मूकदर्शक बनकर रह गया। ग्रामीण हक्के-बक्के होकर वहां से निकल भागे।
डीएम डॉ. सारिका मोहन, एसपी आनंद कुलकर्णी, भाजपा जिलाध्यक्ष अजय गुप्ता ने सांसद व विधायक के साथ एसडीएम कार्यालय में बैठक की। एक घंटे बाद जब कार्यालय का दरवाजा खुला, तब तक मामला सुलझ चुका था।
कार्यालय के बाहर दोनों जनप्रतिनिधियों ने कहा कि उनका आपस में कोई विवाद नहीं है। प्रशासन द्वारा किए गए इंतजाम से अव्यवस्थाएं हुई हैं। हालांकि तकरार के चलते बहुत से ग्रामीण बगैर कंबल लिए ही घर चले गए।