प्रदेश सरकार ऐतिहासिक छतर मंजिल का संरक्षण करने जा रही है। इसे पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा।
इसके संरक्षण, मरम्मत व फिर से प्रयोग में लाने के लिए विशेषज्ञों से सलाह-मशविरा के लिए 7-8 फरवरी को छतर मंजिल के दरबार हॉल में कार्यशाला आयोजित की जाएगी।
महिला कल्याण एवं संस्कृति राज्यमंत्री अरुण कुमारी कोरी ने मंगलवार को बताया कि छतर मंजिल इंडो-इटालियन स्थापत्य का भवन है।
इस विशाल भवन में 1951 से सेंट्रल ड्रग रिसर्च इंस्टीट्यूट चल रहा था। मुख्यमंत्री
अखिलेश यादव ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर राज्य संरक्षित इन इमारतों को राज्य सरकार को हस्तांतरित किए जाने का अनुरोध किया था।
केंद्र ने पुरातात्विक दृष्टि से संरक्षित कर इसमें सिटी म्यूजियम व सिटी साइंस म्यूजियम स्थापित करने के लिए राज्य पुरातत्व निदेशालय को देने पर सहमति जता दी है।
छतर मंजिल व फरहत बख्श कोठी का काफी इसलिए सरकार ने इन्हें पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने का निर्णय किया है।