गठबंधन में बसपा को शामिल करने के बारे में पूछे जाने पर चंद्रशेखर ने कहा कि मायावती एकला चलो वाली पार्टी हैं और इस समय वह भाजपा को मदद पहुंचाने वाले रास्ते पर चल रही हैं। इसलिए उनके बारे में नहीं सोचना है।
मायावती द्वारा आसपा को भी भाजपा की ‘बी’ पार्टी कहे जाने से संबंधित सवाल पर उन्होंने कहा है कि हम उनकी तरह एकला चलो वाले लोग नहीं है, बल्कि सबको लेकर चलने के पक्षधर हैं। इसलिए हम समान विचारधारा वाले दलों के साथ एक मजबूत गठबंधन बनाने के प्रयास में हैं।
चुनावी मुद्दों से जुड़े सवाल पर चंद्रशेखर ने कहा कि इस समय का तो सबसे बड़ा मुद्दा पिछड़ों और दलितों को संविधान में दिए आरक्षण के अधिकार को बचाना है, क्योंकि भाजपा सरकार इसे खत्म करने की साजिश कर रही है।
उन्होंने कहा कि सरकारी संस्थाओं को निजी हाथों में देकर पिछले दरवाजे से आरक्षण को खत्म करने की कोशिश हो रही है, जिसका सभी को मिलकर विरोध करना होगा।
उन्होंने कहा भाजपा वास्तव में दलित व पिछड़ी जाति की विरोधी है। इसलिए उनका सांविधानिक अधिकार छीनने की साजिश रच रही है। अलबत्ता चुनाव के समय उनका वोट लेने के लिए रोजगार देने समेत अन्य झूठे प्रलोभन देकर उनके हितैषी होने का ढोंग जरूर करती है।