सपा के प्रदेश प्रवक्ता राजेन्द्र चौधरी ने कहा है कि भाजपा नेताओं का फासिस्ट चरित्र अब खुलकर सामने आने लगा है।
उन्हें न तो संविधान की परवाह है और न ही कानून की इज्जत करना आता है। चुनाव की आचार संहिता का उल्लंघन उनकी आदत में है।
प्रदेश में भाजपा सांप्रदायिकता और सीनाजोरी का वैसा ही आचरण दुहरा रही है जैसा उसने लोकसभा चुनावों में किया था। यह स्थिति संसदीय लोकतंत्र के लिए खतरे की घंटी है।
चौधरी ने कहा, भाजपा नेता कानून तोड़ने में शेखी दिखाते हैं। सपा और इसके नेतृत्व के खिलाफ अनर्गल और अभद्र आरोप लगाने में वे राजनीतिक शिष्टाचार को भी तिलांजलि दे देते हैं।
गोरखपुर के महंत तो आचरण में अपनी गद्दी की मर्यादा भी भूल जाते हैं।
योगी ने लखनऊ में धारा 144 तोड़कर और अवैधानिक रूप से चुनावी सभा कर न केवल देश की विधि व्यवस्था का अपमान किया बल्कि अपनी अलोकतांत्रिक तथा असंवैधानिक मनोवृत्ति का भी परिचय दिया है।