लखनऊ। कम गृहकर वसूलने वाले तीन राजस्व निरीक्षकों पर नगर आयुक्त ने कार्रवाई की है। इनमें दो को चेतावनी नोटिस, एक को प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। साथ ही छूटे भवनों को गृहकर के दायरे में लाने व वसूली बढ़ाने के लिए रोज का लक्ष्य तय किया गया है। इसे पूरा न करने वाले राजस्व निरीक्षकों को कार्यमुक्त कर दिया जाएगा।
शुक्रवार को नगर आयुक्त इंद्रजीत सिंह ने नगर निगम जोन तीन में गृहकर वसूली की समीक्षा की। इसमें कदमरसूल, लाला लाजपत राय, महाकवि जयशंकर प्रसाद, महानगर व मनकामेश्वर वार्ड की वसूली कम मिली। इस पर राजस्व निरीक्षक मधुरेश कुमार, वीरेंद्र को चेतावनी दी गई। आजाद अहमद को कम वसूली और बिना सूचना गैरहाजिर रहने पर कारण बताओ नोटिस दिया गया।
मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अशोक सिंह ने बताया कि नगर आयुक्त के आदेश दिया है कि 31 मार्च तक कोई भी भवन कर निर्धारण से छूटा ना रहे। व्यावसायिक भवनों से शतप्रतिशत वसूली 15 जनवरी तक की जाए। कर निरीक्षक की प्रति वार्ड 50 हजार रुपये से कम टैक्स वसूली होगी उस पर कार्रवाई होगी। हर वार्ड में 10 नए कर निर्धारण करने का भी लक्ष्य तय किया गया है। जो कर निरीक्षक, कर अधीक्षक अच्छा कार्य करेंगे उसको पुरस्कृत किया जाएगा।
नगर आयुक्त बोले- कोई बेवकूफ नहीं बना सकता
राजस्व निरीक्षकों ने कम वसूली को लेकर तर्क दिए तो नगर आयुक्त ने कहा, राजस्व के बारे में उन्हें जानकारी है। बहुत काम किया है। ऐसे में यह साफ समझ लो कि राजस्व वसूली के मामले में कोई बेवकूफ नहीं बना सकता। सभी टैक्स इंस्पेक्टर ईमानदारी से काम करें।