श्रावस्ती जिले के सिरसिया थाने में तैनात एक दरोगा पर उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए होमगार्ड के जवान ने बुधवार को विषाक्त पदार्थ खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग उसे सीएचसी सिरसिया ले गए। जहां से उसे जिला अस्पताल भिनगा रेफर कर दिया गया है।
सिरसिया थाना क्षेत्र के ग्राम बभनी कुकुरभुकवा निवासी विश्वनाथ तिवारी होमगार्ड का जवान है। जो सिरसिया थाने में ही तैनात है। जिसने बुधवार को कोई विषाक्त पदार्थ खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग उसे सीएचसी सिरसिया ले गए। जहां से उसे संयुक्त जिला चिकित्सालय भिनगा रेफर कर दिया गया है। जहां उसकी हालत में सुधार बताया जा रहा है।
ये भी पढ़ें - 'अब मुसलमानों को सोच-समझकर ही टिकट देंगे...', लोकसभा चुनाव में बसपा को हुए भयंकर नुकसान पर बोलीं मायावती
ये भी पढ़ें - राम नहीं आए काम... अयोध्या तो हारे ही, पूरे मंडल से भाजपा का सफाया, स्थानीय और राज्यव्यापी कारक रहे हावी
होमगार्ड विश्वनाथ तिवारी का आरोप है कि सिरसिया थाने में तैनात उप निरीक्षक प्रशांत बाजपेई उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। थाना क्षेत्र में होने वाली चोरी आदि घटनाओं में पीड़ित की संलिप्तता बताते हुए न सिर्फ कई मुकदमों मे जेल भेजने की धमकी दे रहे हैं बल्कि फर्जी रूप से चरस के आरोप में जेल भेजने व गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई करने की चेतावनी दे रहे हैं।
पीड़ित का आरोप है कि उसकी बेटियां बड़ी हो चुकी है। यदि उसे जेल हुई तो उनका विवाह कैसे कर सकेगा। इसी से आहत होकर उसने विषाक्त खाया है। वहीं इस बारे में उप निरीक्षक प्रशांत बाजपेई का कहना है कि वह काफी दिन बाद चुनाव कराकर वापस थाने लौटे हैं। ऐसी कोई घटना नहीं हुई है।
होमगार्ड जवान मानसिक रूप से परेशान है इसलिए अनर्गल आरोप लगा रहा है। वहीं, इस बारे में सिरसिया थाना प्रभारी भानु प्रताप सिंह का कहना है कि मामले की जानकारी हुई है दरोगा जी न्यायालय बयान के लिए गए हैं। वापस लौटने पर पूछताछ की जाएगी।