इन दिनों पेपर लीक मामला सुर्खियों में बना हुआ है। पिछले लगातार कई परीक्षाओं के पेपर लीक हुए हैं। जिसको लेकर युवाओं में आक्रोश भी है। इसको लेकर हाल ही में बिहार प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। इसको लेकर बिहार पुलिस मुख्यालय ने सूचना जारी की है। इसमें उन्होंने अपील की है कि परीक्षा को लेकर किसी प्रकार के प्रलोभन में न आएं। इस प्रकार की कोई सूचना मिलने पर जारी ईमेल या वाट्सएप नंबर पर शिकायत करें।
बिहार पुलिस में सिपाही के 21,391 पदों पर चयन प्रक्रिया शुरू हो गई है। लेकिन पिछले दिनों हुए पेपर लीक मामले को देखते हुए इस बिहार प्रशासन पहले से ही अलर्ट मोड पर चल रहा है। पिछले दिनों बिहार पुलिस ने बिहार पुलिस सिपाही भर्ती से संबधित परीक्षार्थियों से फर्जीवाड़ा/धोखाधडी/ठगी कर प्रश्न-उत्तर उपलब्ध कराने और परीक्षा में फर्जीवाडा करने के आरोप में खगडिया जिला से 7, बक्सर जिला से 3, सारण (छपरा) से 3, दरभंगा से 2, समस्तीपुर से 5, कैमूर (भभुआ) से 2, भोजपुर (आरा) से 2 लोगों को गिरफ्तार किया। बिहार पुलिस में सिपाही के 21,391 पदों पर चयन हेतु भिन्न-भिन्न तिथियों में दिनांक 7 अगस्त 2024, 11 अगस्त 2024, 18 अगस्त 2024, 21 अगस्त 2024, 25 अगस्त 2024 और 28 अगस्त 2024 को आयोजित होनी है। पहले चरण की परीक्षा 7 अगस्त को आयोजित की जा चुकी है।
बिहार पुलिस लगातार ऑनलाइन सोशल मीडिया ग्रुप, चैनल इत्यादि पर सक्रिय पेपर लीक और साइबर अपराधियों पर नजर बनाए हुए हैं। जो कि बिहार पुलिस (सिपाही भर्ती) से संबंधित ऑनलाइन सोशल मीडिया/ ग्रुप / चैनल पर सक्रिय पेपर लीक कर फर्जी उत्तर पत्र उपलब्ध करा कर ठगी कर रहे हैं। बिहार पुलिस को कुछ लोगों ने इसकी सूचना भी दी कि उनको इस तरह का प्रलोभन दिया जा रहा है। इसी क्रम में शिकायतकर्ताओं द्वारा प्राप्त सूचना के आधार पर 15 टेलीग्राम चैनल / ग्रुप/अकाउंट, 3 वाट्सएप चैनल और 8 यूपीआई आईडी को चिन्हित किया गया। जिसके माध्यम से साइबर ठगी की जा रही थी। ऐसा करने वालों ने पहले बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा में शामिल होने वाले परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों को संपर्क किया है। उसके बाद कुछ के द्वारा उत्तर पत्र देने के बदले में पैसे भेजने की मांग की।
टेलीग्राम / वाट्सएप चैनल और ग्रुप पर 7 अगस्त 2024 को आयोजित बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा के उत्तर पत्र सत्यापन के बाद फर्जी पाए गए। चिन्हित यूपीआई आईडी, टेलीग्राम चैनल/अकाउंट, वाट्सएप चैनल/ग्रुप/अकाउंट नंबर और कई मोबाइल नंबर का सत्यापन किया जा रहा है। इनका सत्यापन होने के बाद प्रशासन द्वारा सख्त कदम उठाए जाएंगे।
पहले चरण की परीक्षा के बाद आर्थिक अपराध इकाई द्वारा केंद्रीय चयन पर्षद (सिपाही भती) संबंधित एडवाइजरी जारी की। आर्थिक अपराध इकाई, बिहार पटना के द्वारा इकाई में कार्यरत सोशल मीडिया पेट्रोलिंग और मॉनिटरिंग यूनिट लगातार ऐसे साइबर ठगी और पेपर लीक की अफवाह फैलाने वाले सक्रिय अपराधियों पर लगातार अंकुश लगाने की कोशिश कर रही है।
प्रशासन ने की यह अपील
बिहार पुलिस की आर्थिक ईकाई ने अभ्यर्थियों से अपील करते हुए कहा, "सिपाही भर्ती परीक्षा के, आगामी चरणो में शामिल होने वाले परीक्षार्थियों एवं उनके अभिभावकों से पुनः अपील है कि ऐसे किसी भी तरह के झांसे / प्रलोभन में न आये। अगर इस तरह की कोई भी सूचना/कॉल / मैसेज उन्हें प्राप्त होता है तो उसे किसी अन्य को फॉरवर्ड न करें। बल्कि उस संबधित संदिग्ध मोबाईल नंबर / यूआरएल/ग्रुप का नाम/चैनल का नाम आदि का विवरण मोबाईल / व्हॉटसएप नंबर-8544428404 या फिर ईमेल आईडी -sp-cyber-bih@nic-in तथा cybercell&bih@nic-in जारी ईमेल पर तुरन्त संपर्क कर सूचित करें। इसके अलावा बिहार पुलिस सिपाही भर्ती से संबंधित कोई भी फर्जी कॉल / मैसेज प्राप्त होता है तो इससे संबंधित सूचना NCRP पोर्टल के हेल्पलाइन 1930 पर या नजदीकी थाना / साईबर थाना में भी बताएं। जिससे इनके विरूद्ध कठोर कार्रवाई की जा सके।”