बताते हैं कि यह गांव कठुआ व सांबा जिले के बॉर्डर पर है। अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) से लगभग 15 किलोमीटर दूर इस गांव में शाम को लगभग पौने आठ बजे ग्रामीणों ने संदिग्ध लोगों की हरकत देखी। इस दौरान दो आतंकी एक घर में घुस गए और खाना मांगने लगे। परिवार वालों ने उनके पास के सामान को लेकर आपत्ति जताई तो धमकी देते हुए दो तीन चक्र गोलियां चलाईं। इस पर परिवार वाले चुप हो गए।
बुआदात्ती देवस्थान पर कथा सुनने पहुंचे 13 लोग फंसे
फायरिंग स्थल से कुछ दूरी पर बुआदात्ती देवस्थान पर कथा सुनने पहुंचे 13 लोग फंसे हुए हैं। इनमें महिलाएं व बच्चे हैं। सभी एक कमरे में बंद हैं। सभी परिवार की सुरक्षा की मांग कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह अधिकारियों के साथ संपर्क में
मैं अंतर्राष्ट्रीय सीमा के पास हीरानगर सेक्टर के सैदा गांव में एक घर पर हुए आतंकवादी हमले के मद्देनजर डीसी कठुआ राकेश मिन्हास के साथ लगातार ऑनलाइन संपर्क में हूं। मैं एसएसपी कठुआ अनायत अली चौधरी के भी संपर्क में हूं जो मौके पर हैं। जिस घर पर हमला हुआ उसके मालिक भी मोबाइल फोन पर संपर्क में हैं। संयुक्त पुलिस और अर्धसैनिक बल का ऑपरेशन चल रहा है। अब तक एक आतंकवादी मारा गया है। मैं और मेरा कार्यालय लगातार संपर्क में हैं और घटनाक्रम पर कड़ी नज़र रख रहे हैं।
48 घंटे पहले भी हुआ था हमला
बता दें कि दो दिन पहले रविवार को ही रियासी में आतंकियों ने घात लगाकर तीर्थयात्रियों की बस को निशाना बनाया था। गोलीबारी में ड्राइवर ने नियंत्रण खो दिया जिससे बस खाई में जा गिरी। इसमें नौ लोगों की मौत हो गई थी और 41 लोग घायल हुए थे।
हमले के बाद से इलाके में हाई अलर्ट
सुरक्षा बलों ने जम्मू और राजोरी जिलों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है और आतंकवादी हमले के बाद से ही तलाशी अभियान जारी है। उधमपुर-रियासी रेंज के पुलिस उप महानिरीक्षक रईस मोहम्मद भट ने कहा कि सुरक्षा बलों को कुछ सुराग मिले हैं। जांच आगे बढ़ाई जा रही है। पुलिस, सेना और सीआरपीएफ की 11 टीमें आतंकवादियों की तलाश में जुटे हुए हैं।
मृतकों में दो साल का मासूम भी
रविवार को हुए हमले में बस में सवार नौ लोगों की मौत हो गई। इनमें तीन उत्तर प्रदेश और चार राजस्थान के थे। बस चालक और कंडक्टर रियासी के थे। राजस्थान के सभी मृतक एक ही परिवार के थे। इनमें पूजा और उसका दो साल का बेटा टीटू साहनी थे। मृतकों में पांच के शरीर पर गोली लगने के निशान हैं। वहीं, 41 घायलों में से 10 को गोली लगी है।
10-10 लाख की मदद
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने मृतकों के परिजनों को 10-10 लाख और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक मदद देने की घोषणा की है।