जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों ने अलग-अलग मुठभेड़ में लश्कर-ए-ताइबा के पांच समेत छह आतंकियों को मार गिराया। कुलगाम में 20 घंटे तक चली मुठभेड़ के बाद कश्मीर जोन के पुलिस महानिरीक्षक वीके बिर्दी ने बताया कि आतंकियों के शव बरामद कर लिए गए हैं। मुठभेड़ स्थलों से 5 एके-47 राइफल, दो पिस्तौल, सात ग्रेनेड समेत आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई हैं।
कुलगाम के नेहमा गांव में आतंकियों के छिपे होने की सूचना पर सुरक्षाबलों ने बृहस्पतिवार को पूरा इलाका घेर लिया था। रातभर तो फायरिंग नहीं हुई, पर सुबह होते ही मुठभेड़ शुरू हो गई। फायरिंग के चलते आतंकी जिस घर में छिपे थे, उसमें आग लग गई। आतंकी बाहर निकले, तो सुरक्षाबलों ने उन्हें ढेर कर दिया।
डीआईजी एसकेआर रईस मोहम्मद भट ने बताया, आतंकियों की पहचान यासिर बिलाल भट उर्फ हुमैस, दानिश हमीद थोकर, उबैद अहमद पडर और समीर फारूक शेख व हंजल याकूब शाह उर्फ हनजिला के रूप में हुई है। सभी प्रतिबंधित संगठन लश्कर/टीआरएफ से जुड़े थे। शेख 2021 में आतंकी रैंक में शामिल हुआ था, अन्य पिछले साल या इस साल शामिल हुए थे। कश्मीर जोन के आईजीपी के अनुसार, ड्रोन फुटेज से मारे गए आतंकियों के शवों का पता लगाया गया।
कश्मीरी पंडित सोनू भट पर हमले में शामिल थे आतंकी
डीआईजी ने बताया कि मारे गए आतंकी सुरक्षाबलों, अल्पसंख्यकों व प्रवासी मजदूरों पर हमले में शामिल थे। समीर शेख और दानिश पिछले साल अप्रैल में चोटीगाम के कश्मीरी पंडित सोनू भट पर हमले में शामिल थे। 13 जुलाई, 2023 को गाग्रेन, शोपियां में प्रवासी मजदूरों पर हुए हमले में दानिश के साथ हांजुला याकूब शाह भी शामिल था। हमले में 3 मजदूर घायल हुए थे। समीर युवाओं को आतंकी बनने के लिए उकसाता था।
दो और आतंकी घिरे
राजोरी के बुद्धल के बहरोट में सुरक्षाबलों की जवाबी फायरिंग में जहां एक आतंकी मारा गया, वहीं दो और आतंकियों के घिरे होने की सूचना है। घंटे भर चली मुठभेड़ में एक आतंकी ने दरवाजे से बाहर निकलकर सुरक्षा बलों पर ग्रेनेड फेंकने की कोशिश की, उसी समय मारा गया। सुरक्षाबल इलाके को घेरकर ऑपरेशन जारी रखे हुए हैं।