रतन टाटा ने 2012 में तत्कालीन मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात कर जम्मू-कश्मीर में टाटा समूह के विस्तार की योजना बनाई थी। उन्होंने आईटी, कृषि और बागवानी क्षेत्र में निवेश की इच्छा व्यक्त की थी।
प्रमुख उद्योगपति रतन टाटा जम्मू-कश्मीर में टाटा समूह का विस्तार करने के लिए इच्छुक थे। इस संबंध में उन्होंने तत्कालीन मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से 2012 में श्रीनगर में मुलाकात की थी। इसमें उन्होंने उमर से राज्य में अपने समूह की गतिविधियों का विस्तार करने की इच्छा व्यक्त की थी।
विज्ञापन
अक्तूबर 2012 में उमर ने रतन टाटा को नाश्ते पर आमंत्रित किया था। नाश्ते की बैठक के दौरान उन्होंने सूचना प्रौद्योगिकी, आतिथ्य, कृषि-उत्पाद और बागवानी क्षेत्र में सहयोग की संभावना तलाशी। दोनों इस बात पर सहमत हुए कि राज्य सरकार और टाटा समूह का एक शीर्ष स्तरीय प्रतिनिधिमंडल पारस्परिक रूप से लाभप्रद क्षेत्रों पर चर्चा करने के लिए जल्द ही मुलाकात करेगा। इस दौरान टाटा ने कहा कि वह राज्य भर में अपने समूह की कंपनियों की उपस्थिति बढ़ाने के पक्ष में हैं।
नगीन झील के हाउस बोट में रुकने की यादों को बताया
उद्योगपति ने अपने दादा के साथ कश्मीर घाटी की यात्रा और नगीन झील में एक हाउस बोट में रहने की अपनी यादों को याद किया, जिस पर मुख्यमंत्री ने उन्हें अपने बचपन की यादों को ताजा करने का निमंत्रण दिया। इससे पहले उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में कश्मीर विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ बातचीत की थी।