जम्मू। विस्थापन का दंश झेल रहे कश्मीरी पंडितों ने वीरवार को लंबित मांगों के समर्थन में प्रेस क्लब के बाहर एलजी प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। वीरवार को प्रेस क्लब के बाहर जगती टेनमेंट और सोन कश्मीर फ्रंट के बैनर तले लोगों ने प्रदर्शन कर एलजी प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया। इसके साथ ही मासिक राहत राशि को 13 हजार से बढ़ाकर 25 रुपये की मांग की।
इस दौरान फ्रंट के अध्यक्ष शादी लाल पंडिता ने कहा कि 419 दिनों से प्रदर्शन कर रहे हैं। सरकार कश्मीरी पंडितों के साथ भेदभाव कर रही है। महंगाई दौर में प्रतिमाह 13 हजार रुपये राहत राशि में घर का खर्च और बच्चों की पढ़ाई नहीं हो सकती है। उन्होंने कहा कि जिन कश्मीरी पंडित परिवारों के घर में कोई भी व्यक्ति सरकारी नौकरी में नहीं उनके लिए सरकार विशेष भर्ती ड्राइव चलाए। प्रदेश सरकार कश्मीरी पंडितों को गुमराह कर रही है। 32 सालों से विस्थापन का दंश झेल रहे है, लेकिन अभी तक हमारी कश्मीर वापसी लेकर सरकार ने कोई ठोस नीति नहीं बनाई है। कश्मीरी पंडित घाटी वावस लौटना चाहते हैं, लेकिन सरकार उनके लिए आवास और सुरक्षा की व्यवस्था करे। कश्मीरी पंडित आर्थिक रूप से कमजोर हैं, ऐसे में सरकार मास्कि राहत राशि को बढ़ाया जाए, ताकि लोग परिवार का गुजारा चला सकें। इस मौके पर काशी नाथ भट्ट, विजय बख्शी, राज कुमार और राकेश टिक्कू आदि मौजूद रहे।