पुंछ के गांव खनेतर में वीरवार को एक पशुशाला का लिंटर गिरने से 35 महिलाएं घायल हो गईं। लोगों ने उन सभी घायलों को राजा सुखदेव सिंह जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां तीन महिलाओं का गंभीर चोटें आने के कारण उपचार जारी है। जबकि, बाकी सभी महिलाओं को मरहम पट्टी कर देर शाम तक घर भेज दिया गया। हादसे का पता चलते ही उपायुक्त इन्द्रजीत, तहसीलदार अंजुम बशीर खटक और एसएचओ रंजीत सिंह राव भी अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घायलों का हाल जाना।
जानकारी के अनुसार खनेतर निवासी रफीक हुसैन शाह का पुत्र रिफत करीब एक महीने से किसी गंभीर रोग से पीड़ित था। उसका उपचार कश्मीर के एक अस्पताल में चल रहा था। बुधवार दोपहर उपचार के दौरान उसका निधन हो गया था। वीरवार आज सुबह चार बजे उसका शव घर लाया गया तो रिश्तेदारों एवं ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। इस बीच दोपहर करीब 11 बजे जब रिफत का जनाजा निकाला तो पुरुष जनाजे के साथ चल दिए। ऐसे में घर में मौजूद सैकड़ों महिलाएं घर के आगे स्थित पशुशाला के लिंटर पर जनाजा देखने जमा हो गईं। पशुशाला का लिंटर पुराना एवं कच्चा था तो एक साथ अधिक भार पड़ने से भरभरा कर गिर गया। इससे लिंटर पर मौजूद महिलाएं एक के ऊपर गिरीं।
लिंटर गिरने से मातम वाले घर में हडकंप मच गया। जनाजे के साथ जा रहे पुरुष दौड़ कर मौके पर पहुंचे, और पशुशाला में गिरीं महिलाओं को निकाल कर पुंछ भेजना शुरू किया। इस बीच पुंछ नगर से तीन एंबुलेंस भी घटनास्थल पर भेजी गईं। घटनास्थल से 35 महिलाओं को अस्पताल पहुंचाया गया।
उधर, अस्पताल के आपातकाल वार्ड में आनन फानन दर्जनों चिकित्सक और पैरामेडिकल स्टाफ ने घायलों का उपचार शुरू किया। दोपहर बाद सभी की दो बार जांच, एक्सरे, इसीजी करने के बाद 32 महिलाओं को छुट्टी दे दी गई। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. जुलफिकार अहमद और उपायुक्त ने बताया कि खनेतर में के हादसे में 35 महिलाएं घायल हुई हैं। इनमें से तीन का अभी अस्पताल में उपचार जारी है। किसी को जम्मू या राजोरी जीएमसी रेफर नहीं किया गया है।