बिश्नाह। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे से पहले पंच सरपंच एसोसिएशन के सदस्यों ने बागी तेवर दिखा दिए हैं। इस नाराजगी की वजह बताने के लिए शुक्रवार को प्रेसवार्ता के में एसोसिएशन के उपप्रधान सरपंच जितेंद्र सिंह ने बताया कि पंचायत दिवस में पंचों सरपंचों का मुख्य किरदार होता है। प्रधानमंत्री उन्हीं को संबोधित करने आ रहे हैं। यहां अभी तक की बात है जिस मंत्रालय को पंचों सरपंचों को यहां पर लाने का जिम्मा सौंपा है उसने अभी तक पंचों सरपंचों से कोई भेंट नहीं की है। न ही कोई बातचीत की है।
क्योंकि उन्हें जमीनी सच्चाई पता ही नहीं है कि पंच सरपंच किस दौर से गुजर रहे हैं। उनके मसलों का हल कौन करेगा। इसलिए हम चाहते हैं कि पंचों सरपंचों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने का समय मिले, ताकि हम अपनी परेशानियां उन तक सीधे पहुंचा सकें। यहां तक निचले स्तर की बात है न तो प्रशासन ने न ही उस मंत्री ने जिसको यह रैली का जिम्मा सौंपा गया है, उसने भी पंच सरपंचों के साथ कोई बातचीत नहीं की है। न ही मुलाकात की है। तो ऐसे में मात्र 1 पंचायत के सरपंच के साथ प्रधानमंत्री क्या बात करेंगे। यह हमारी समझ से परे है।
हम इस सभा का बहिष्कार करने को मजबूर हैं। प्रेसवार्ता में पूर्व सरपंच सुरजीत सिंह सरपंच प्रीतम सिंह, कैलाश चंद्र मुख्य रूप से मौजूद थे।