फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

J&K: जम्मू-श्रीनगर राजमार्ग पर चौबीसों घंटे नजर, कैमरे बताएंगे कौन कब कहां; हादसों और अपराधों पर लगेगी लगाम

Sat, 03 May 2025 11:54 AM IST
निकिता गुप्ता राकेश शर्मा, अमर उजाला, नेटवर्क जम्मू

सार

जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर 100 से ज्यादा कैमरे लगाए जाएंगे, जो गति नियंत्रण, सुरक्षा निगरानी और संदिग्ध गतिविधियों की पहचान में मदद करेंगे। इन कैमरों को परिवहन विभाग की एप से जोड़ा जाएगा, जिससे ओवर स्पीड और अपराधियों का तुरंत पता चलेगा।
विज्ञापन
सीसीटीवी कैमरों की मदद से की जाएगी निगरानी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग की निगरानी कैमरों से होगी। इसके लिए नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) ने तैयारी शुरू कर दी है। लखनपुर से श्रीनगर तक करीब 300 किलोमीटर लंबे इस राजमार्ग पर 100 से अधिक कैमरे लगाए जाएंगे। एनएचएआई इन कैमरों को परिवहन विभाग की एप से जोड़ेगा।

विज्ञापन


ये कैमरे सुरक्षा निगरानी के साथ ही गति नियंत्रित करने और हादसे के दौरान गवाही के काम भी आएंगे।राष्ट्रीय राजमार्ग पर कोई भी वाहन संदिग्ध गतिविधियों में संलिप्त पाया जाता है, तो कैमरे की मदद से कुछ ही सैकेंड में इसकी जानकारी सुरक्षा एजेंसियों तक पहुंच जाएगी। 

Trending Videos

कैमरों से होगी जम्मू-श्रीनगर हाईवे पर निगरानी
एनएचएआई राष्ट्रीय राजमार्ग पर सर्वाेच्च गति सीमा तय करने जा रहा है। इस राजमार्ग पर 20 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से वाहन चलाए जा सकेंगे, जबकि 58 किलोमीटर लंबे रिंग रोड और मैदानी इलाकों में गति सीमा 80 से 100 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी। एनएचएआई ने फिलहाल जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने छह टोल नाकों में कैमरे स्थापित किए हैं, जिनकी संख्या सीमित है और अब एनएचएआई इन्हें बढ़ाने जा रहा है।

नई तकनीक से जम्मू-श्रीनगर हाईवे पर बढ़ेगी सुरक्षा और निगरानी
एनएचएआई ने दो से तीन किलोमीटर के अंतराल पर कैमरे लगाने की योजना बनाई है। यह कैमरे उच्च गुणवत्ता के होंगे जो दिन-रात काम करेंगे। कैमरे नंबर प्लेट को पढ़़ने में सक्षम होंगे। इन कैमरों के जरिये तय गति से अधिक रफ्तार से वाहन चलाते पकड़े जाने पर मौके पर ही चालान हो जाएगा।

परिवहन विभाग की एप से जुड़े होने की वजह से गाड़ी के मालिक को चालान का संदेश तत्काल पहुंच जाएगा।एनएचएआई जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहली बार इस तकनीक को अपनाने जा रहा है। इसे लेकर उच्च स्तर पर तैयारियां शुरू हो गई हैं। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर बन टोल प्लाजा के आसपास के क्षेत्र में गति सीमा सबसे कम 20 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है, जबकि राष्ट्रीय राजमार्ग के अन्य हिस्सों पर 60 से 80 किलोमीटर के दायरे में गाड़ी चलाई जा सकती है।
विज्ञापन

चौबीस घंटे होगी हर गतिविधि की निगरानी
एनएचएआईएनएचएआई के क्षेत्रीय अधिकारी आरएस यादव ने बताया कि कैमरे राष्ट्रीय राजमार्ग पर होने वाली हर गतिविधि की चौबीस घंटे निगरानी करेंगे। कैमरों की मदद से वाहनों को नियंत्रित गति में चलाने में मदद मिलेगी।

इससे हादसे कम होंगे। एनएचएआई इन कैमरों को परिवहन विभाग की एप से जोड़ेगा, ताकि तय सीमा से अधिक गति से वाहन चलाने वालों का चालान काटा जा सके। राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर संदिग्ध गतिविधियां भी कम होंगी और पुलिस समेत सुरक्षा एजेंसियों को वाहनों की पहचान करने में मदद मिलेगी। वाहनों की गतिसीमा तय कर दी गई है। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पहाड़ी और मैदानी दोनों क्षेत्रों में बना है। ऐसे में गति सीमा 20 से 100 किलोमीटर तक रहेगी।

यह खबर भी पढ़ें: Attack: दोनों ओर पाकिस्तान सीमा, एक ओर चिनाब; रात की फायरिंग से लोगों में दहशत, बेटी रोज पूछती ठीक हो ना बाबा?

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें