जवान के पार्थिव शरीर को पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार के लिए उनके गृहनगर आइजोल (मणिपुर) भेजा जाएगा। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और बीएसएफ के विशेष महानिदेशक पी वी रामाशास्त्री ने पाकिस्तान की गोलीबारी में बलिदान हुए बीएसएफ हेड कांस्टेबल को श्रद्धांजलि दी।
जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और बीएसएफ के विशेष महानिदेशक पी वी रामाशास्त्री ने गुरुवार को जम्मू-कश्मीर के सांबा में अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर पाकिस्तान रेंजर्स द्वारा अकारण गोलीबारी में बलिदान हुए बीएसएफ हेड कांस्टेबल को श्रद्धांजलि दी।
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मुख्य सचिव एके मेहता, गृह सचिव आरके गोयल, आईजीपी आनंद जैन, आईजी बीएसएफ डीके बूरा और मंडलायुक्त रमेश कुमार ने भी जम्मू में सीमांत मुख्यालय पलौड़ा कैंप में बीएसएफ जवान लाल फैम किमा को श्रद्धांजलि अर्पित की।
पुष्पांजलि समारोह के दौरान बिगुल बजाकर और अंतिम सलामी देकर उन्हें पूर्ण सैन्य सम्मान दिया गया। जवानों ने उनके जयकारे लगाते हुए नम आंखों से श्रद्धांजलि दी। किमा के पार्थिव शरीर को पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार के लिए उनके गृहनगर आइजोल (मणिपुर) भेजा जाएगा।
जम्मू संभाग के जिला सांबा में अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर रामगढ़ सेक्टर में पाकिस्तान रेंजर्स की अकारण गोलीबारी में बीएसएफ के हेड कांस्टेबल लाल फैम किमा की मौत हो गई। नारायणपुर बीओपी पर गोलीबारी के दौरान जवान घायल हुए थे। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। 50 साल की किमा मिजोरम के आइजोल की रहने वाली थे।
28 अक्टूबर को पाकिस्तान रेंजर्स ने लगभग सात घंटे तक भारी गोलीबारी की, जिसके परिणामस्वरूप बीएसएफ के दो जवान और एक महिला घायल हो गए थे। 17 अक्टूबर को अरनिया सेक्टर में रेंजर्स द्वारा की गई अकारण गोलीबारी में बीएसएफ के दो जवान घायल हो गए थे। 25 फरवरी, 2021 को दोनों पक्षों द्वारा संघर्ष विराम समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने के बाद से यह छठा उल्लंघन है।