कमांडरों में लश्कर-ए-तैयबा के 26 व जैश के 10 हैं। अकेले 29 व 30 दिसंबर को तीन स्थानों (कुलगाम, अनंतनाग व श्रीनगर) पर मुठभेड़ में जैश के नौ आतंकियों को मार गिराने में सफलता मिली। इनमें दो पाकिस्तानी आतंकी भी थे। श्रीनगर को ठिकाना बनाने की आतंकियों की साजिश को सुरक्षाबलों ने विफल कर लश्कर-ए-तैयबा और जैश के मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए मददगारों को गिरफ्तार किया। सूत्रों का कहना है कि हिजबुल की पकड़ कमजोर होने के बाद पाकिस्तानी आकाओं और आईएसआई ने जैश व लश्कर-ए-तैयबा को वारदातों की कमान सौंपी।