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Amarnaath Yatra : लिद्दर किनारे मस्जिदों से अजान औऱ बाबा भोले के जयकारे साथ-साथ, यात्रा में पहली बार शामिल हुआ जूना अखाड़ा

Fri, 01 Jul 2022 04:15 AM IST
दुष्यंत शर्मा बृजेश कुमार सिंह, नुनवान (पहलगाम)

सार

नुनवान कैंप में बाबा बर्फानी के भक्तों ने सारी रात जागकर बिताई, तड़के बाबा के दर्शन को किया कूच। बाबा के भक्त उनकी बरातियों की तरह आए नजर, कोई त्रिशूल लिए तो कोई शंख बजाता जयघोष करता रहा।
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अमरनाथ यात्रा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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परंपरागत पहलगाम रूट से बाबा बर्फानी के दर्शन करने जाने वाले पहले जत्थे में जबर्दस्त उत्साह रहा। जम्मू से पहले जत्थे के रूप में नुनवान बेस कैंप पहुंचे यात्रियों ने लिद्दर नदी किनारे सारी रात जागकर बिताई और तड़के चार बजे बेस कैंप के भीतर ही चेकिंग के लिए लाइन में लग गए। नुनवान बेस कैंप से लेकर पहलगाम व चंदनबाड़ी तक का पूरा इलाका सुबह ही बाबा भोले के जयकारों से गूंजने लगा। कश्मीर ने हिंदू-मुस्लिम एकता व भाईचारे की मिसाल पेश की। एक ओर मस्जिद से अजान तो दूसरी ओऱ सड़क पर बाबा के जयघोष होते रहे।

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नुनवान कैंप में बाबा के भक्त उनकी बरातियों की तरह ही नजर आए। कोई हाथों में त्रिशूल लिए हुए तो कोई शंख बजाता मिला। कोई भगवा गमच्छा ही लहराता दिखा। पुरुष-महिला सब कतारबद्ध और बाबा के नारे लगाते हुए। यों तो कैंप में देर रात तक भजन-कीर्तन चलता रहा, लेकिन श्रद्धालुओं में हलचल देर रात दो बजे से ही शुरू हो गई। तड़के ही सभी यात्रियों को चंदनबाड़ी भेजा गया जहां से वे पारंपरिक पहलगाम रूट से होते हुए बाबा बर्फानी के दरबार पहुंचेंगे। पहले जत्थे की रवानगी के बाद बेस कैंप में जम्मू से पहुंचने वाले दूसरे जत्थे के स्वागत तथा इंतजाम की तैयारियां शुरू कर दी गईं।

PM के स्वच्छता अभियान को लगे पंख
पहले जत्थे में शामिल जोधपुर के मनोज पारीख 24 लोगों के साथ आए हैं। इससे पहले वह 2019 में आए थे। कहा कि उनके साथ आए सभी लोगों में जबर्दस्त उत्साह है। सुरक्षा की बहुत ही अच्छी व्यवस्था रही। किसी प्रकार का कोई डर-भय नहीं लग रहा है। आरएफआईडी से ट्रैकिंग की पहल कर श्राइन बोर्ड ने बेहतरीन काम किया है। बाबा से वे पूरे देश में शांति व सद्भावना की कामना करेंगे। उत्तर प्रदेश के सुजानगंज की रेखा कुशवाहा ने बताया कि इस बार सफाई का खास ख्याल रखा गया है। मोदी जी के स्वच्छता अभियान का यहां पूरी तरह पालन हो रहा है। पॉलिथीन फ्री यात्रा का अक्षरश: पालन किया जा रहा है।
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बाबा के दर्शन मात्र से पूरी हो जाएंगी सारी इच्छाएं
उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर की स्वाति लगातार बाबा के नारे लगाती रहीं। उनका कहना है कि वह पहली बार पहलगाम रूट से यात्रा पर जा रही हैं। इससे पहले बालटाल रूट से कई बार दर्शन कर चुकी हैं। बाबा ने बुलाया है तो हाजिरी लगानी जरूरी है। उनके दर्शन भर से सारी इच्छाएं व मनोकामना पूरी हो जाएंगी। पश्चिम बंगाल के राजकुमार बनर्जी, झारखंड के रांची निवासी कमलेश सिंह व दिलीप सिंह ने बताया कि वह पहली बार यात्रा पर आए हैं। यह सब बाबा की कृपा से ही संभव हो सका है।

पहली बार यात्रा में शामिल हुआ जूना अखाड़ा
बाबा बर्फानी की यात्रा में पहली बार जूना अखाड़ा भी शामिल हुआ। पहले ही दिन जूना अखाड़ा पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी ने बाबा के दरबार में शीश नवाया। कहा कि श्री अमरनाथ की पवित्र गुफा में भगवान बर्फानी बाबा के दर्शन कर आह्लादित हूं। इस पवित्र गुफा में शिव पार्वती क संवाद से परमार्थ क अनेक सूत्र व भगवदीय कथामृत की निष्पति हुई।

वस्तुत: सत्संग, स्वाध्याय द्वारा उपार्जित ज्ञान-भक्ति-वैराग्य ही जीवन की दिव्यता व पूर्णता का स्त्रोत है। उन्होंने अमरनाथ यात्रा में शामिल होने वाले सभी श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए कहा कि उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण हों। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि बाबा अमरनाथ की यात्रा निमित्त मां भारती के भव्य भाल के मुकुटमणि निसर्ग सौंदर्य संपन्न श्रीनगर आकर अभिभूत हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृह मंत्री अमित शाह के सुशासन व लोक कल्याणकारी नीतियां समृद्ध भयमुक्त कश्मीर बनाने में सहायक सिद्ध हुई हैं। 

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