जम्मू डिवीजन बनाने की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। इस डिवीजन को चलाने के लिए असिस्टेंट डिवीजन रेलवे मैनेजर (एडीआरएम) एके राणा तैनात कर दिए गए हैं। डिवीजन की शुरुआत 1 अप्रैल से कर दी जाएगी।
यहां पर पहले ओएसडी की पोस्ट थी, उसे हटाकर वीरवार को एडीआरएम एके राणा को लगा दिया गया है। जम्मू डिवीजन से चलने वाली ट्रेनों का टाइम टेबल भी नया बनाया जा रहा है। फिरोजपुर डिवीजन से रेलकर्मियों व अधिकारियों को भेजने की तैयारी भी हो रही है।
रेल डिवीजन फिरोजपुर के एडीआरएम अशुतोष पंथ ने जम्मू डिवीजन में एडीआरएम एके राणा के तैनात होने की पुष्टि की है। पंथ ने कहा कि डिवीजन बनाने की तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं।
जानकारी के अनुसार जम्मू डिवीजन में जाने वाले रेलकर्मियों की सूची तैयार की जा रही है। कई कर्मी जम्मू-कश्मीर के रहने वाले हैं जो जम्मू डिवीजन में जाने के लिए आवेदन दे रहे हैं।
जम्मू डिवीजन बनाने की तैयारी युद्धस्तर पर
जम्मू डिवीजन में जालंधर-पठानकोट सेक्शन में जालंधर से अगले स्टेशन सुच्ची पिंड से लेकर पठानकोट तक तथा अमृतसर-पठानकोट सेक्शन पर पड़ने वाले बटाला से पठानकोट तक का हिस्सा आएगा।
इसके अलावा पठानकोट-जोगिंदर नगर व पठानकोट-जम्मू, जम्मू से उधमपुर-कटड़ा का हिस्सा भी जम्मू डिवीजन में होगा। कश्मीर घाटी में रेलवे का पड़ने वाला सारा सेक्शन जहां मौजूदा समय में ट्रेनें चल रही हैं तथा कटड़ा से आगे घाटी को जोड़ने का बकाया रह रहा सेक्शन भी जम्मू डिवीजन के अंतर्गत होगा।
अंबाला तथा दिल्ली डिवीजन में पड़ने वाले फिरोजपुर डिवीजन के साथ लगते स्टेशन जैसे बठिंडा व अन्य स्टेशन को फिरोजपुर डिवीजन में मिलाने की योजना बनाई जा रही है।
दूसरी तरफ फिरोजपुर डिवीजन के लुधियाना के साथ लगते अंबाला की तरफ तथा धूरी की तरफ कुछ स्टेशनों को फिरोजपुर डिवीजन में मिलाने की रणनीति तैयार की जा रही है।
बताया जा रहा है कि फिरोजपुर के अधिकारियों ने जम्मू डिवीजन शुरू करने के लिए रेलकर्मियों व अन्य स्टाफ की सूची हेड क्वार्टर दिल्ली के अधिकारियों को सौंप दी है।
जम्मू डिवीजन बनाना रेलवे की मजबूरी
रेल डिवीजन फिरोजपुर में तीन स्टेट पड़ती हैं। जिनमें पंजाब, हिमाचल व जम्मू-कश्मीर शामिल है। जम्मू डिवीजन बनने से फिरोजपुर डिवीजन से जम्मू-कश्मीर पूरा क्षेत्र जम्मू डिवीजन में चला जाएगा और कुछेक हिस्सा हिमाचल का भी इसमें शामिल होगा।
कश्मीर घाटी में ट्रेन सुविधा शुरू किए जाने के कारण फिरोजपुर डिवीजन का अधिकार क्षेत्र बहुत दूर तक फैल गया था। फिरोजपुर डिवीजन का हेड क्वार्टर पंजाब में जिला फिरोजपुर में होने के कारण अधिकारियों को कश्मीर घाटी में दौड़ रही ट्रेनों को सुचारु रूप से चलाने में आ रही समस्या का हल करने में दिक्कते पैदा हो रही हैं।
इस कारण जम्मू डिवीजन बनाने की जरूरत पड़ी है। इसीलिए ही जम्मू को केंद्रीय स्थान होने के कारण जम्मू डिवीजन का हेड क्वार्टर बनाया जा रहा है।