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जम्मू-कश्मीर: आईएसआईएस फंडिंग मामले में कई जगहों पर एनआईए की छापेमारी, हिरासत में कई संदिग्ध

Sun, 11 Jul 2021 07:25 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

अनंतनाग, बारामुला और श्रीनगर में कई स्थानों पर आईएसआईएस फंडिंग मामले में एनआईए की छापेमारी चल रही है।  इसके साथ ही एनआईए ने प्रतिबंधित आतंकी संगठन आईएसआईएस द्वारा चलाए जा रहे ऑनलाइन दुष्प्रचार के एक मामले में रविवार को दक्षिणी कश्मीर के श्रीनगर और अनंतनाग में सात स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया।
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एनआईए का छापा - फोटो : एएनआई
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विस्तार
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जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग, बारामुला और श्रीनगर में कई स्थानों पर आईएसआईएस फंडिंग मामले में एनआईए की छापेमारी चल रही है। कुछ लोगों को हिरासत में लिया है। जिनसे पूछताछ जारी है। अनंतनाग में एनआईए की कार्रवाई के दौरान एएसपी अनंतनाग भी मौजूद रहे।

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एनआईए की टीम ने अनंतनाग में छापेमारी के दौरान जावेद अहमद मीर पुत्र मोहम्मद शाबन मीर निवासी सुनसूमा उम्र 28 वर्ष, उमर भट पुत्र निसार अहमद भट निवासी मागरे मोहल्ला अचबल, ओवैस अहमद भट पुत्र निसार अहमद भट निवासी मागरे मोहल्ला अचबल, तनवीर अहमद भट पुत्र गुल मोहम्मद भट निवासी गोरीमोहल्ला अचबल और जीशान अमीन मलिक पुत्र मोहम्मद अमीन मलिक निवासी पुष्रू अचबल उम्र 22 वर्ष, को हिरासत में लिया है।

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आईएसआईएस के ऑनलाइन दुष्प्रचार मामले में कश्मीर में तलाशी अभियान

एनआईए के एक प्रवक्ता ने बताया कि आईएसआईएस द्वारा भारत के खिलाफ हिंसक जिहाद छेड़ने के लिए यहां संवेदनशील युवाओं को कट्टरपंथी बनाने और उन्हें भर्ती करने की साजिश के संबंध में 29 जून को एक मामला दर्ज किया गया था। इस संबंध में भारत-केंद्रित एक ऑनलाइन दुष्प्रचार पत्रिका 'द वॉयस ऑफ हिंद' (वीओएच) मासिक आधार पर प्रकाशित की जाती है ताकि अलगाव और सांप्रदायिक घृणा की भावना पैदा करने के लिए काल्पनिक अन्याय की गलत कहानी पेश करके युवाओं को उकसाया जा सके और उन्हें कट्टरपंथी बनाया जा सके।



इस नापाक योजना को अंजाम देने के लिए ‘साइबरस्पेस’ में एक संगठित अभियान शुरू किया गया है। भारत में आईएसआईएस कैडरों के साथ-साथ विभिन्न संघर्ष क्षेत्रों में सक्रिय आईएसआईएस आतंकवादियों ने फर्जी ऑनलाइन पहचान से एक नेटवर्क बनाया है, जिसमें आईएसआईएस संबंधित दुष्प्रचार सामग्री का वितरण किया जाता है। रविवार को चलाए गए तलाशी अभियान में बड़ी संख्या में आपत्तिजनक दस्तावेज और मोबाइल फोन, टैबलेट, लैपटॉप, हार्ड डिस्क जैसे डिजिटल उपकरणों के साथ ही ऐसे टी-शर्ट बरामद किए गए हैं, जिन पर आईएसआईएस का लोगो है।
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