अमर उजाला टीम ने तवी नदी के चौथे पुल से निकले एक टिपर का रात 11 बजे पीछा किया। यह टिपर भगवती नगर पुलिस नाका, बख्शी नगर पुलिस स्टेशन, महेशपुरा चौक पर खड़ी पीसीआर वैन, राजिंद्रा चौक से होकर फ्लाईओवर तक गया। जिसमें क्रशर का सामान था। टिपर बिना नंबर था। इसे कहीं पर किसी तरह की पूछताछ के लिए नहीं रोका गया।
इसी तरह अगली रात को रात 2 बजे मीरां साहिब से एक अन्य टिपर का पीछा किया गया। यह टिपर मीरां साहिब, कुल्लियां पुलिस नाके से होकर निकला। इसमें लदी गई सामग्री से पानी पूरी सड़क पर पड़ रहा था। यह सामग्री रात के समय ताजा लदी गई थी। इसे भी कहीं नहीं रोका गया। इस टिपर पर भी नंबर नहीं लगा था।
इसकी शिकायतें ज्योलॉजी माइनिंग विभाग के पास भी आई हैं। इसी को देखने के लिए कुछ जगहों पर 24 घंटे नजर रखने वाले नाके स्थापित करने की योजना बनाई है। दो तीन दिन में यह नाके काम करने करेंगे। तवी से खनन को बंद किया जाएगा। संयुक्त निदेशक और डीएमओ को भी इसे लेकर जरूरी निर्देश दिए गए हैं। -विकास शर्मा, निदेशक ज्योलॉजी एवं माइनिंग विभाग
परवीन कुमार, राम पाल, विशाल कुमार, यशपाल, सुरिंदर सिंह, कुलदीप कुमार का कहना है कि उन्होंने भी इस मामले को लेकर लिखित में ज्योलॉजी विभाग को शिकायत की है। पुलिस को भी इसकी जानकारी दी गई। लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस को बाकायदा इसके पुख्ता सबूत दिए गए। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। रात 9 बजे से लेकर तड़के तक अवैध रूप से खनन किया जा रहा है।