पुंछ के मंडी क्षेत्र में बाबा बुड्ढा अमरनाथ के पास दो सितंबर को बारिश और भूस्खलन से प्रभावित लोगों को बचाने के दौरान खौड़ ब्लाक के खुंडा गांव निवासी सैन्य जवान बलवीर दास बाढ़ में बह गया था। रविवार को देर शाम उसका शव गांव पहुंचा था। सोमवार को उसका अंतिम संस्कार किया गया।
जानकारी के अनुसार सोमवार की सुबह सैन्य सम्मान के साथ खुंडा गांव के शमशान घाट पर जवान का अंतिम संस्कार किया गया। इस मौके पर सेना की 28 राजपूत शाखा के अधिकारियों व जवानों ने सलामी दी। अंतिम संस्कार के मौके पर क्षेत्र व आसपास के लोग भी बड़ी संख्या में पहुंचे थे। इस दौरान सभी ने उसे नम आंखों से अंतिम विदाई दी। जवान के बड़े भाई की पहले ही मौत हो चुकी है। मां-बाप का वह बड़ा सहारा था।
...हमारी तो दुनिया ही उजड़ गई
दूसरे बेटे के भी अब नहीं रहने से पिता शैलो राम और मां राम प्यारी बार-बार यही कहे जा रही थी कि हमारी तो दुनिया ही उजड़ गई। बलवीर की पत्नी भी बदहवास हालत में थी। वह बार-बार बेहोश हो रही थी।
डबडबाई आंखों से सबकुछ देखती रहीं बेटियां
जवान की दोनों बेटियां मुस्कान और जानवी पिता के चेहरे को डबडबाई आंखों से देखे जा रहीं थीं। गमगीन माहौल में कभी वह पिता की ओर देखतीं तो कभी दादी की तरफ। शायद वह यह पूछना चाह रहीं थीं कि उनके पिता को आखिर क्या हो गया।