एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज (एओआई) गंग्याल के एक डेलिगेशन ने वीरवार को उद्योग और वाणिज्य मंत्री चंद्रप्रकाश गंगा से मुलाकात की। उन्होंने जम्मू-कश्मीर रियासत में जीएसटी के तहत इंडस्ट्रियल सेक्टर को मिल रहे इंसेंटिव्स को एक्सटेंशन का मुद्दा उठाया। कहा कि यह जारी रहनी चाहिए। इनमें वैट रिमीशन, कैशलेस वैट रिफंड, तैयार माल की रियासत से बाहर बिक्री पर सीएसटी छूट, रॉ मैटीरियल की खरीद पर टोल टैक्स छूट जैसी रियायतें शामिल हैं।
असुरक्षित पड़ोस, सीमा पार आतंकवाद, रॉ मैटीरियल की अनुपलब्धता जैसे मुद्दे उठाते हुए उन्होंने कहा कि रियासत और केंद्र सरकार की तरफ से काफी इंसेंटिव मिलने के बावजूद पिछले पांच साल में बहुत कम निवेश हुआ है। आर्थिक गतिविधियों में कमी आई है। रोजगार में कमी आई है। इससे रियासत के साथ ही बाहर के राज्यों के निवेशकों का भरोसा भी कम होता है।
उन्होंने जीएसटी के तहत मिल रही रियायतों को जारी रखने के रास्ते खोजे जाने पर जोर दिया। उद्योग और वाणिज्य मंत्री से यह मामला केंद्रीय मंत्री के सामने उठाने का भी आग्रह किया। जवाब में उद्योग मंत्री चंद्र प्रकाश गंगा ने इस मुद्दे के हल के साथ ही रियासत के भीतर और बाहर से निवेश बढ़ोत्तरी के लिए पुरजोर कोशिश करने का भरोसा दिलाया।