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बारिश से किसान चिंतित, गेहूं की फसल को हो रहा नुकसान

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सांबा। बारिश ने किसानों को परेशानी में डाल दिया है। पहले से ही नमी वाले खेतों में गेहूं की फसल पीली पड़ रही है। किसानों के अनुसार अब अधिक बारिश होने से फसल नष्ट होने की चिंता सताने लगी है।
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किसान राज कुमार, अमन चौधरी, ब्रिज लाल, बलवीर सिंह आदि ने बताया कि पहले हुई बारिश से नमी वाले खेतों में गेहूं की फसल पीली पड़ चुकी है। हालांकि किसानों ने यूरिया का छिड़काव कर दिया है। ऐसे में अब बारिश की जरूरत नहीं थी। यह बारिश नमी वाले खेत की फसल को नष्ट कर देगी। इसको लेकर किसान परेशान हैं। यही हाल सब्जियों का भी है। सब्जी लगाने वाले किसान भी चिंतित हैं। उधर कृषि विभाग के अधिकारी विकास शर्मा के अनुसार किसानों को चाहिए कि वह खेत में पानी जमा न होने दें, पानी की निकासी रखें।
बारिश ने बढ़ाई मुसीबतें, मैदानी क्षेत्र में गेहूं की फसल पर मौसम की मार
ज्यौड़ियां। खौड में बारिश से जहां कंडी क्षेत्र के किसानों में खुशी का माहौल है। वहीं बारिश ने उपजिले के मैदानी क्षेत्र के किसानों के लिए मुसीबतें बढ़ा दी हैं। किसान गेहूं की फसल को लेकर चिंतित हैं। किसानों का कहना है कि अधिक बारिश से गेहूं की फसल दिनप्रति दिन पीली पड़ती जा रही है। किसान बहादुर सिंह, रमेश सिंह तथा नसीब सिंह आदि ने बताया उनके खेत से अभी तक पिछले दिनों हुई बारिश का पानी निकला नहीं है। फसल पानी में खराब हो रही है। फसल के पौधे की लंबाई बढ़ना रुक गई है। पौधा पीला पड़ गया है।
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गेहूं की फसल पानी में डूबी
विजयपुर। बारिश से किसान वर्ग काफी परेशान हो गया है। क्योंकि गेहूं की फसल खराब होने के कगार पर पहुंच गई है। बारिश का पानी खेतों में जमा हो गया है। इस कारण गेहूं और अन्य फसल पानी में डूब गई है। किसानों ने बताया कि लगातार हो रही बारिश के कारण गेहूं की फसल खराब हो रही है। बारिश से सर्दी में भी इजाफा हो गया है। इस बढ़ती सर्दी के कारण जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। संवाद
फसल को लेकर किसानों के टूटने लगे हौसले
अरनिया। बीते करीब 19 दिन से बिगड़े मौसम के मिजाज से किसानों के हौसले टूटने लगे हैं।
किसानों के अनुसार इन दिनों बारिश तो होती ही है, मगर लगातार बारिश से गेहूं फसल को लेकर अब तो हमारे हौसले भी जवाब देने लगे हैं।
हालांकि कुछ दिन पहले हमें लगा कि बारिश थमने के बाद गेहूं फसल दोबारा अपनी रंगत दिखाना शुरू कर देगी। मगर बिगड़े मौसम के मिजाज ने बिजाई के बाद गेहूं फसल को अपनी चपेट से बाहर निकलने ही नहीं दिया। हमें नहीं लगता कि बारिश का सामना करने के बाद इस फसल में हरियाली आ पाएगी। क्योंकि धूप में निखार आते ही इस फसल पर विपरीत असर पड़ेगा। जो येलोरेस्ट नामक घातक बीमारी सीधे तौर पर हमला करके नष्ट कर सकती है। वहीं देर शाम खबर लिखे जाने तक हल्की बारिश जारी थी। संवाद
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