जम्मू। जम्मू नगर निगम ने जम्मू-कश्मीर स्पेशल ट्रिब्यूनल के आदेश पर शनिवार को तालाब तिल्लो में एक मेगा मार्ट को सील कर दिया। इससे ग्राहक लगभग एक घंटे तक अंदर फंसे रहे, जिन्हें बाद में दूसरे रास्ते से निकाला गया। इस बीच नगर निगम ने मेगा मार्ट के संचालकों के खिलाफ सील तोड़कर ट्रिब्यूनल के आदेश के खिलाफ व्यावसायिक गतिविधियां शुरू करने के मामले में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए पत्र लिखा है।
नगर निगम ने नवाबाद पुलिस को लिखे पत्र में कहा है कि नगर निगम ने 29 अक्तूबर को ट्रिब्यूनल की ओर से दिए गए आदेश के अनुसार शनिवार को मेगा मार्ट (विशाल मेगा मार्ट) को सील किया। साथ ही मार्ट की संपत्तियों को स्थानीय पुलिस की कस्टडी में दे दिया। इसके बाद संचालकों ने सील को तोड़ दिया। नगर निगम ने घटना की जांच करने और आरोपियों के खिलाफ सील तोड़ने के मामले में प्राथमिकी दर्ज करने को कहा है। पत्र में कहा गया है कि बिल्डिंग प्लान तीन लोगों के नाम मंजूर किया गया। इन्होंने दो व्यावसायिक भवनों का निर्माण किया। इसके बाद संचालकों ने मंजूर बिल्डिंग प्लान का उल्लंघन करना शुरू कर दिया। इस पर नगर निगम ने 14 मार्च 2020 को खिलाफवर्जी केस दर्ज किया। 18 मार्च को बिल्डिंग प्लान के इतर किए गए निर्माण को गिराने का आदेश पारित किया गया। इसके खिलाफ संचालकों ने जम्मू-कश्मीर ट्रिब्यूनल में अपील दाखिल की।
इलाके के इंस्पेक्टर ने 22 जुलाई को रिपोर्ट किया कि डीसी की ओर से इलाके को रेड जोन घोषित किए जाने की आड़ में संचालकों ने भवन की फर्निशिंग का काम शुरू करा दिया है। यह ट्रिब्यूनल के यथास्थिति बनाए रखने के आदेश का उल्लंघन है। इस आधार पर 22 जुलाई को संचालकों को नोटिस जारी किया गया। अगले दिन 23 जुलाई को खिलाफवर्जी अधिकारी ने रिपोर्ट किया कि संचालकों ने सील तोड़ दी है। इस पर 24 जुलाई को ट्रिब्यूनल ने संचालकों को यथास्थिति बरकरार रखने का निर्देश दिया। पत्र में कहा गया है कि प्रथम सिविल सबआर्डिनेट जज ने 27 जुलाई को यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया जो अब भी अस्तित्व में है। हाईकोर्ट ने भी 21 अगस्त को अपने आदेश में कहा कि ट्रायल कोर्ट की ओर से पारित आदेश ट्रिब्यूनल की कार्यवाही को प्रभावित नहीं कर सकता है। इस आधार पर याचिका का निस्तारण किया जाता है और याचिकाकर्ता ट्रायल कोर्ट से कानून के तहत राहत उपायों की अपील कर सकता है।
वहीं, शनिवार की सुबह साढ़े दस बजे नगर निगम के कर्मचारियों ने कार्रवाई आरंभ की। सबसे पहले गेट को चेन और ताले के साथ बंद कर दिया। इस दौरान काफी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। किसी को भी अंदर-बाहर जाने की अनुमति नहीं दी गई। ऐसे में काफी संख्या में ग्राहक शोरूम के अंदर फंस गए। इसके बाद शोरूम के बाहर भी माहौल गरमा गया। वहीं, नगर निगम के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सील अब कोर्ट के आदेश पर ही खुलेगी। कार्रवाई साढ़े 11 बजे तक चली। बाद में अन्य रास्ते से लोगों को बाहर लाया गया, जिन्होंने गुस्सा जाहिर किया। दीवाली पर्व होने के कारण डिस्काउंट के चक्कर में भी काफी लोग वहां पर पहुंचे थे।
मार्ट संचालक बोले, भवन के पास है नक्शा
शोरूम मालिकों का कहना है कि भवन का नक्शा पास है। नगर निगम ने गलत कार्रवाई कर दी है। नगर निगम की कार्रवाई से ग्राहक परेशान हुए हैं। इस बीच, ग्राहकों ने भी हंगामा किया।