कटड़ा। शारदीय नवरात्र में धर्मनगरी सहित भवन में जयकारों की गूंज मां का गुणगान कर रही है। और इन जयकारों की गिनती शुरूआती पांच दिनों में इस कोरोना काल में भी लाख का आंकड़ा पार कर गई।
सोमवार सुबह की अटका आरती में साधना सरगम व तरुण सागर की भेंटों ने भक्तों को झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने बल्ले-अल्ले दातिए, तेरी बल्ले-बल्ले... से शुरूआत की। और नवरात्र में मां वैष्णो देवी की पूजा करने का महत्व बताया। उनकी अन्य भेंटों में पार करारे मेरा बेड़ा भवानी, लाला चोला सीवे दरजी, कबूल कर मां अर्जी..., जय माता दी बोल बुलावा आ जाएगा..., आदि शामिल थीं। इन्हें सुनने के लिए भक्त विडियो वॉल के पास एकत्र हुए देखे गए।
उधर, नवरात्र पर्व पर पहले पांच दिनों में सवा लाख भक्त प्राकृतिक पिंडियों के दर्शन कर चुके हैं। पहले दिन 24950, दूसरे दिन 24900, तीसरे नवरात्र पर 24970, चौथे दिन 24980 और पांचवें नवरात्र पर 24990 भक्तों का पंजीकरण किया गया। कक्ष से मिली जानकारी अनुसार सोमवार दोपहर एक बजे तक 10 हजार, शाम छह बजे तक 20 हजार व कक्ष बंद होने तक लगभग 25 हजार भक्तों का पंजीकरण किया गया। जो यात्री रात 10 बजे के उपरांत पहुंच रहे हैं, उन्हें रात को धर्मनगरी में ही रुकना पड़ रहा है।
15 भवन में की गई सजावट का चित्र 16 धर्मनगरी का रात का दृश्य 17 अर्दकुवारी में यात्री आराम करते हुए- फोटो : KATRA
15 भवन में की गई सजावट का चित्र 16 धर्मनगरी का रात का दृश्य 17 अर्दकुवारी में यात्री आराम करते हुए- फोटो : KATRA
15 भवन में की गई सजावट का चित्र 16 धर्मनगरी का रात का दृश्य 17 अर्दकुवारी में यात्री आराम करते हुए- फोटो : KATRA