उधमपुर। सावन के पहले सोमवार को शहर व ग्रामीण इलाकों में स्थित शिव मंदिरों में विशेष पूजन का आयोजन किया गया। सैकड़ों की संख्या में लोगों ने मंदिरों में पहुंच कर माथा टेका और शिवलिग पर जल चढ़ाया। काफी संख्या में लोगों ने व्रत भी रखा था। देविका नदी के तट पर स्थित आनंद आश्रम में रामशिला को दर्शनों के लिए बाहर रखा गया।
सावन के पहले सोमवार को लेकर काफी संख्या में लोगों ने देविका नदी के तट स्थित बावलियों में पहुंच कर स्नान किया। इसके बाद सभी ने शिवमंदिर में पूजन किया और शिवलिंग पर जल चढ़ा कर परिवार की सुख समृद्धि के लिए प्रार्थना की। आनंद आश्रम में भगवान शिव का पूजन करने के साथ भक्तों के दर्शन के लिए रामशिला को बाहर रखा गया। इस रामशिला के दर्शन भर सावन में हर रोज कर सकते हैं। आश्रम में रहने वाले धनराज गिरी महाराज ने बताया कि सावन के पहले सोमवार को पूजन का करना बहुत ही भाग्य की बात होती है।
सावन के हर सोमवार का व्रत रखना चाहिए। जो लोग पूरे वर्ष भगवान शिव की पूजा और व्रत नहीं रख पाते हैं तो वह अगर सावन में हर सोमवार को व्रत रखते हैं तो उनकी भक्ति पूर्ण हो जाती है। सावन का महीना कीर्तन, मनन और पूर्ण साधना के लिए होता है। भगवान की कृपा सभी पर बनी रहती है। आनंद आश्रम में विशेष तौर पर रामशिला को दर्शन के लिए रखा गया है। यह भी एक तरह का शिवलिंग है। इसलिए तरह से सैला तालाब, जिब, रामनगर, मजालता व अन्य कई इलाकों पर स्थित मंदिरों में विशेष पूजन का आयोजन किया गया।