इंस्पेक्टर मसरूर की मौत से उनकी पत्नी पूरी तरह से टूट चुकी हैं और रो-रोकर बुरा हाल है। गमगीन पत्नी ने कहा, मेरा बच्चा पैदा होने से पहले ही अनाथ हो गया। गौरतलब हो कि 34 साल के इंस्पेक्टर मसरूर पिता बनने वाले थे।
इंस्पेक्टर मसरूर अहमद वानी की मौत के बाद उनके घर सांत्वना देने के लिए सैकड़ों लोग पहुंचे। पति की मौत से उनकी पत्नी पूरी तरह से टूट चुकी हैं और रो-रोकर बुरा हाल है। गमगीन पत्नी ने कहा, मेरा बच्चा पैदा होने से पहले ही अनाथ हो गया। गौरतलब हो कि 34 साल के इंस्पेक्टर मसरूर पिता बनने वाले थे।
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उनके घर खुशियां आने वाली थीं और पहले बच्चे के आने का हर किसी को इंतजार था लेकिन 39 दिन पहले हुई आतंकी वारदात ने सब खुशियों को गम में बदल दिया। एक महीना पहले इंस्पेक्टर मसरूर श्रीनगर में क्रिकेट खेल रहे थे कि तभी एक आतंकवादी हमले में उन्हें गोलियां मार दीं। शहर के डाउनटाउन में ईदगाह की भीड़भाड़ वाली कॉलोनी में उनकी मौत की सूचना से गमगीन माहौल था और दृश्य हृदय विदारक था। यहां शोक मनाने वाले लोग उनकी दुखी पत्नी और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे थे।
क्रिकेट के दीवाने, मिलनसार और दयालु थे वानी
चाचा गुलाम मोहम्मद वानी के मुताबिक, सीने में गंभीर संक्रमण के कारण वानी की तबीयत बिगड़ गई थी। शुरुआत में, उन्हें श्रीनगर के सौरा अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन बाद में आगे के इलाज के लिए पारस अस्पताल में रैफर कर दिया गया, जहां से उन्हें बुधवार को दिल्ली के एम्स ले जाया गया।
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उन्हें एक मिलनसार और दयालु व्यक्ति के रूप में याद किया जाता है और वह हमेशा दूसरों की सहायता करने की इच्छा व्यक्त करते थे। रिश्तेदार गुलाम नबी काकाजगर ने कहा, मसरूर बहुत स्पष्टवादी थे। वह हमेशा लोगों की मदद करते थे। हम बहुत दुखी हैं। वह क्रिकेट का दीवाना था। वानी की मौत ने समुदाय को झकझोर कर रख दिया है।