राजोरी। जिले के गांव दलोहरी में पहाड़ी जनजाति का एक दिवसीय पहाड़ी अधिवेशन हुआ। लोगों ने पीएम मोदी से अपील की कि पहाड़ी जातीयता को एसटी का दर्जा दिया जाए।
जातीयता के सदस्यों ने सरकार से अनुसूचित जनजाति के दर्जे की लंबित मांग को प्रस्तुत करने की अपील की। प्रतिनिधियों ने दावा किया कि एक मोर्चे पर जब सरकार ने जम्मू-कश्मीर में वन अधिकार अधिनियम लागू किया, तो पहाड़ी जनजाति के सदस्यों ने विरोध नहीं किया, भले ही उन्हें उसी तरह से बाहर रखा गया हो, जिस तरह से हमारे समकालीनों को उचित एसटी स्थिति के हमारे कारण का समर्थन करना चाहिए। वक्ताओं ने यह भी बताया कि इस बार केंद्र का नेतृत्व पूर्ण बहुमत वाली सरकार और दृढ़ विश्वास के साथ एक प्रधानमंत्री हैं जो बहुत वंचित जनजाति की इस वास्तविक मांग को पूरा कर सकता है।
इस अवसर पर बोलने वालों में अधिवक्ता अहसान मिर्जा, सरपंच कश्मीर सिंह, सरपंच सुरजीत शर्मा, सरपंच विवेक शर्मा, सज्जाद मिर्जा, राजकुमार, विशाल पहाड़ी, नागेश शर्मा, ओम प्रकाश, रंगबाज खान, मुजाहिद खान, कैप्टन मोहन सिंह और दूसरे लोग शामिल थे।