शिवकथा का श्रवण करने के लिए उमड़े श्रद्धालु। संवाद
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कठुआ। शहर के सावनचक स्थित संकटमोचन शिव मंदिर में पांच शाम भोले शंकर के नाम कार्यक्रम के दौरान दूसरे दिन कथा वाचन साध्वी भुवनेश्वरी देवी ने राम काज में भगवान शिव के हनुमान का रूप लेकर आने का प्रसंग सुना कर उपस्थित भक्तों को भावविभोर कर दिया। कथा में आगे भुवनेश्वरी देवी ने कहा कि भगवान शिव जिस पर कृपा करें, उसे धन, बल, यशकी कोई कमी नही रहती है।
अपने प्रवचन के दौरान उन्होंने माता सीता की खोज में निकले प्रभु श्री राम के भक्त हनुमान का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि भगवान शिव की आराधना के बाद श्रीराम के कार्य में अपना आशीष देने के लिए ही भगवान ने हनुमान के रूप में हर समय मौजूद रहे। हनुमान चालीसा में अतुलित बल धामा की संज्ञा उन्हें भगवान शिव के आशीष से ही प्राप्त हुई थी। उन्होंने कहा कि इंद्र के ऐरावत के पास जितना बल है उससे हजार गुना ज्यादा बल बजरंग बली की कनिष्ठका में विद्यमान थी।