लेह में लगा खादी से बना सबसे बड़ा राष्ट्रीय ध्वज
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लेह में दुनिया का सबसे बड़ा खादी राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया है। लद्दाख के उपराज्यपाल आरके माथुर ने इसका उद्घाटन किया। इस मौके पर थल सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे भी मौजूद रहे।
भारतीय सेना की 57 इंजीनियर रेजिमेंट के 150 सैनिकों ने खादी से बने दुनिया के सबसे बड़े तिरंगे को लेह, लद्दाख में जमीन के स्तर से 2000 फीट ऊपर एक पहाड़ी की चोटी पर ले जाया गया। सैनिकों को पहाड़ी की चोटी पर पहुंचने में दो घंटे लग गए।
सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे ने कहा कि
पिछले 6 महीनों में स्थिति काफी सामान्य रही है। हमें उम्मीद है कि अक्तूबर
के दूसरे सप्ताह में 13वें दौर की वार्ता होगी और हम इस बात पर आम सहमति पर पहुंचेंगे कि 'डिसएंगेजमेंट' कैसे होगा।
साथ ही उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे सभी घर्षण बिंदु हल हो जाएंगे। उनका कहना था कि मेरा दृढ़ मत है कि हम अपने मतभेदों को बातचीत के जरिए सुलझा सकते हैं। मुझे आशा है कि हमें जल्द ही इसके परिणाम प्राप्त होंगे।
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सेना प्रमुख एमएम नरवणे ने कहा कि चीन ने हमारे पूर्वी कमान तक पूरे पूर्वी लद्दाख और उत्तरी मोर्चे पर काफ़ी संख्या में तैनाती की है। निश्चित रूप से अग्रिम क्षेत्रों में उनकी तैनाती में वृद्धि हुई है जो हमारे लिए चिंता का विषय बना हुआ है।
पीएम मोदी ने की तारीफ
इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कहा कि लेह में खादी में दुनिया के सबसे बड़े तिरंगे का प्रदर्शन महात्मा गांधी को एक अद्वितीय श्रद्धांजलि है। मोदी शनिवार को खादी और ग्रामोद्योग आयोग के ट्वीट पर प्रतिक्रिया दे रहे थे, जिसमें बापू को श्रद्धांजलि दी गई थी और लेह में दुनिया का सबसे बड़ा राष्ट्रीय ध्वज (225 फीट लंबा और 150 फीट चौड़ा) फहराने के बारे में बताया गया था। मोदी ने कहा कि यह सम्मानित बापू को एक अनूठी श्रद्धांजलि है, जिनके खादी के प्रति जुनून व्यापक रूप से जाना जाता है। इस त्योहारी सीजन में खादी और हस्तशिल्प उत्पादों को अपने जीवन का हिस्सा बनाने पर विचार करें और एक आत्मानिर्भर भारत बनाने के संकल्प को मजबूत करें।