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फ्रांस हमला: जश्न में डूबा IS, कहा, 'अभी तो यह शुरुआत है'

Fri, 15 Jul 2016 01:41 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली
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हमले में इस्तेमाल किया गया ट्रक - फोटो : telegraph.co.uk
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फ्रांस के नीस शहर में हुए आतंकी हमले से कुख्यात आतंकी संगठन आईएस के आतंकी गदगद हैं। आईएस ने दावा किया है कि नीस में किया गया हमला उनके नेता अबु उमर अल-‌ शिशानी की हत्या का बदला है। आईएस के एक आतंकी ने हमले की सफलता में खुशी जाहिर करते हुए एक ट्वीट भी किया है।
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गौरतलब है कि गुरुवार की शाम फ्रांस के लोग 'बेस्टिल डे' का जश्न नीस शहर में मना रहे थे। हर साल 14 जुलाई को प्रांस की क्राति की याद में 'ब्रेस्टिल डे' का उत्सव मनाया जाता है। इसी उत्सव वहां मौजूद सैकड़ों लोगों को एक ट्रक से कुचल दिया गया जिसमें 80 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई।

वोकैटिव डॉट कॉम के अनुसार, लोग कार्यक्रम की खुशी में झूम रहे थे तभी एक ट्रक पीछे से भीड़ में घुस गया और सैकड़ों लोगों को बेरहमी से रौंद दिया। हालांकि बाद में दरिंदे ट्रक चालक को सुरक्षा कर्मियों ने मौके पर ही मार गिराया। अगली स्लाइड में घटना का वीडियो भी देख सकते हैं।
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आतंकी ने ट्वीट कर कहा, 'अभी तो यह शुरुआत है'

nice attack
कुछ दिन पहले अमेरिकी हवाई हमले में जिस आईएसआईएस नेता श‌‌िशानी को मार गिराया गया था वह आतंकियों की 'मिनिस्टर ऑफ वार' नाम के समूह का मुखिया था।

आतंकी हमले पर खुशी जाहिर करने वाले आतंकी ने अपने ट्वीट में लिखा है, 'ऐ फ्रांस, तू और पूरा यूरोप कभी सुरक्षित नहीं रहेगा, जब तक कि हम खिलाफ की एक-एक इंच जमीन पर सुरक्षित नहीं रहेंगे।' हालांकि ऐसा धमकी भरा ट्वीट सामने आने के बाद आरोपी का ट्विटर अकाउंट ब्लॉक कर दिया गया है।

‌आरोपी ने ट्वीट में आगे लिखा है, 'अबु उमर शिशानी की हत्या का का पाक बदला लेने की अभी तो यह शुरुआत है। अल्लाह करे शिशानी को अपने पास रखे।' रिपोर्ट के अनुसार एक जिहादी की ओर से यह ट्वीट हमले के तुरंत बाद ही आया था।

गौरतलब है कि आईएस 2014 से ही अपने समर्थकों से अपील कर रहा है कि नास्तिक यूरोपीय और अमेरिकी लोगों को बड़े वाहनों से कुचल कर मार दिया जाए। आईएस ने अपील की थी ऑस्ट्रेलिया या कनाडा या कोई अन्य देख जहां पर अल्लाह को न मानने वाले नास्तिक लोग रहते हैं तो खत्म कर दिया जाए।

1789 में हुई फ्रांस की क्रांति की खुशी में 14 जुलाई को राष्ट्रीय अवकाश था। बताया जा रहा है कि क्राति की याद में उत्सव ममाने के कार्यक्रम में बहुत बड़ी संख्या में लोग पहुंचे हुए थे।
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