बजट सत्र के दौरान संसद में विवादास्पद मुद्दों पर सरकार और विपक्ष के बीच वार-पलटवार के कारण बनी तल्खी अचानक गर्मजोशी में बदलती दिखी। दरअसल बुधवार को सत्ता पक्ष ही नहीं विपक्ष ने भी विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की तारीफ में दलगत भावनाओं को बहुत पीछे ढकेल दिया। हालत यह थी कि विपक्षी सदस्यों में सुषमा की तारीफ की होड़ सी मच गई। प्रश्नकाल के दौरान कई विपक्षी सदस्यों ने सवाल पूछने के लिए नहीं बल्कि सुषमा की तारीफ के लिए समय मांगा तो स्पीकर को कहना पड़ा, सुषमाजी आज का दिन तो आपका ही है।
प्रश्नकाल के दौरान विदेश मंत्री की तारीफ में 6 बार सभी दलों के सदस्यों ने मेजें थपथपाई तो इतने ही सांसदों ने सवाल का मौका मिलने पर उनकी तारीफ में कसीदे गढ़े। सुषमा की तारीफ करने वालों में आप के भगवंत मान, धर्मवीर गांधी, बीजेडी के विजयंत जय पांडा, अकाली दल के प्रेम सिंह चंदूमाजरा, कांग्रेस के केसी वेणुगोपाल, भाजपा के जगदंबिका पाल शामिल थे। प्रश्नकाल के दौरान जैसे ही सुषमा ने चंदूमाजरा के सवाल का जवाब देना शुरू किया, वैसे ही विपक्ष के कई सदस्यों ने स्पीकर से उनकी तारीफ किए जाने का मौका दिए जाने की मांग की।
मान ने कहा स्पीकर मैडम सरकार की कभी कभी ही तो तारीफ करने का मौका मिलता है। मान सहित कई सदस्यों की ओर से कई बार इस आशय की मांग पर स्पीकर ने कहा मानजी सुषमाजी की तारीफ कर लीजिए। इसके बाद सदन में सुषमा के तारीफों का पुल बांधने की होड़ सी मच गई।
जगदंबिका ने 10 महीने बाद शव लाने में मिली मदद तो मान ने पंजाब के नागरिकों को सऊदी से निकालने में मिली फौरी मदद पर विदेश मंत्री की तारीफ की। सांसदों ने इस दौरान कहा कि सुषमा के मंत्री बनने के बाद मंत्रालय के साथ-साथ राजदूतों का भी रवैया बदला है। सदस्यों ने ट्विट और सोशल मीडिया के जरिए मुसीबत में फंसे लोगों की मदद की अपील पर फौरन कार्रवाई पर भी सुषमा की तारीफ की। इस दौरान कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव को भी मेज थपथपाते देखा गया।