महाराष्ट्र सदन की क्षमता 288 सदस्यों की है। इनमें से 170 विधायक महाविकास अघाड़ी गठबंधन के साथ हैं, जबकि एनडीए के विधायकों का आंकड़ा 113 है। एमवीए प्रमुख तौर पर तीन पार्टियों- शिवसेना (57), राकांपा (53) और कांग्रेस (43) के दम पर ही सत्ता में रहने में सफल हुआ है। इन तीन पार्टियों की कुल सीटों की संख्या ही एमवीए को बहुमत के आंकड़े- 145 से आठ सीट आगे यानी 153 पर खड़ा करती है, जबकि बाकी पांच पार्टियां और आठ निर्दलीय नेता इस गठबंधन को मजबूती देते हैं।
महाराष्ट्र में सियासी संकट के बीच मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने शनिवार को भारतीय जनता पार्टी पर जोरदार हमला किया है। ठाकरे ने कहा है कि महा विकास अघाड़ी (एमवीए) सरकार में कोई अस्थिरता नही है। यदि कोई इसे गिराने की कोशिश करेगा तो उसे हम अपने विकास कार्यों से मुंहतोड़ जवाब देंगे। मध्य मुंबई के वडाला में जीएसटी भवन भवन की आधारशिला रखने के बाद बोलते हुए, ठाकरे ने कहा कि महाराष्ट्र को बदनाम करने वालों को ध्यान देना चाहिए कि राज्य राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में सबसे बड़ा योगदानकर्ता है।
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महा विकास अघाड़ी के पैर जमीन पर मजबूती से टिके हुए
सीएम उद्धव ने कहा कि जीएसटी निर्माण परियोजना में तेजी लाने के लिए उपमुख्यमंत्री अजीत पवार को श्रेय देते हुए, ठाकरे ने कहा कि एमवीए सरकार और पवार ने भूमि के प्रस्तावों को आगे बढ़ाया और भवन परियोजना को समय पर शुरू करने के लिए अनुमति दी गई। एमवीए सरकार में कोई आंतरिक कलह नहीं है। यह महा विकास अघाड़ी है, जिसके पैर जमीन पर मजबूती से टिके हुए हैं और योजनाबद्ध तरीके से राज्य के विकास और प्रगति के लिए काम कर रहे हैं उन्होंने कहा।
दिलीप वसले पाटिल के साथ कोई नाराजगी नहीं
सीएम उद्धव ठाकरे ने गृह मंत्री दिलीप वसले पाटिल के साथ अपनी नाराजगी की खबरों का खंडन किया है। उद्धव ठाकरे ने कहा है कि इस तरह की खबरें मनगढ़ंत और झूठी हैं। इनका कोई वास्तविक आधार नहीं है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने अपने साथियों पर पूरा भरोसा जताया है और उनके काम की तारीफ की है।