झारखंड में स्वाइन फ्लू की एंट्री हो गई है। बताया जा रहा है कि राज्य में चार लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। बोकारो, रांची और गिरिडीह जिलों से स्वाइन फ्लू के मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग हाई अलर्ट पर है। सभी सावधानियां बरती जा रही हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के एमडी डॉ. भुवनेश प्रताप सिंह ने कहा कि हालात काबू में हैं। जरूरी उपाय किए जा रहे हैं।
जानकारी के मुताबिक, संक्रमितों में दो महिला और एक पुरूष शामिल हैं। मरीजों की हालत फिलहाल सामान्य बनी हुई है। संक्रमित महिलाएं दीपटोली और पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले की रहने वाली हैं। तीसरे संक्रमित बुजुर्ग धनबाद के रहने वाले हैं। चौथे मरीज की जानकारी अभी नहीं मिल पाई है।
क्या है स्वाइन फ्लू?
स्वाइन फ्लू एक वायरल इंफेक्शन है, जो मूल रूप से सूअरों से मनुष्यों में फैला। स्वाइन फ्लू एच1एन1 इन्फ्लूएंजा एक तरह का वायरस है। यह वायरस एक इंसान से दूसरे इंसान में फैल सकता है। नियमित इन्फ्लूएंजा और स्वाइन फ्लू के लक्षण बहुत मिलते-जुलते हैं। गर्मी और मानसून के मौसम में स्वाइन फ्लू के मामले बढ़ जाते हैं। इस बीमारी से बचाव के लिए कई वैक्सीन हैं, साथ ही इलाज के लिए कई तरह के एंटीवायरल उपचार भी मौजूद हैं। इसके अलावा हाइजीन का ख्याल रखकर और सर्जिकल मास्क पहनकर स्वाइन फ्लू से बचा जा सकता है।
स्वाइन फ्लू के लक्षण?
- बुखार आना
- सिरदर्द होना
- डायरिया होना
- खांसी आना
- छींक आना
- ठंड लगना
- गले में खराश होना
- थकान
- नासिका मार्ग ब्लॉक होना
स्वाइन फ्लू से बचाव
- खांसते और छींकते समय मुंह पर रूमाल रखें। मास्क का इस्तेमाल करें।
- भोजन करने से पहले हाथों को अच्छी तरह से साबुन से धोएं।
- भरपूर मात्रा में स्वच्छ पानी पीएं और पौष्टिक आहार का सेवन करें।
- संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने पर मास्क पहनें और हाथों को अच्छे से साफ करें।
- मरीजों से मिलते समय दूरी का ध्यान रखें।
- भीड़ भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें।
- लक्षण दिखाई देने पर तुरंत डॉक्टर के पास जाएं।