झारखंड के पूर्व मंत्री एनोस एक्का की जमानत याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से जवाब मांगा है। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दोष साबित होने के बाद एक्का जेल में सात साल की सजा काट रहे हैं। एक्का ने झारखंड हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देते हुए एक अपील दायर की थी। इस पर जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस जे के माहेश्वरी की पीठ ने केंद्र को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
अदालत ने केंद्र को आठ नवंबर 2021 तक जवाब देने को कहा है। झारखंड के पूर्व मंत्री एक्का ने हाईकोर्ट के 24 अगस्त 2020 के आदेश को चुनौती दी थी जिसमें उन्हें जमानत देने से अदालत ने इनकार कर दिया था। रांची की एक विशेष पीएमएलए अदालत ने एक्का को मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में सात साल कैद की सजा सुनाई थी और उन पर दो करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया था।
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा एवं अन्य से जुड़े धन शोधन के मामले के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय एक्का की भी जांच कर रहा है। इससे पहले उन्हें यह कहते हुए जमानत देने से इनकार कर दिया गया था कि धारा 389 (जमानत के निलंबन के लिए लंबित आवेदन की मांग) के तहत संरक्षण देना विवेकपूर्ण और वांछनीय नहीं होगा।