अरुणाचल प्रदेश में लगातार बारिश हो रही है, जिससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। राहत और बचाव सूत्रों का कहना है कि भारी बारिश की वजह से अरुणाचल के कई जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है।
इससे फसलों और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है। सियांग के उपायुक्त अतुल तायेंग ने कहा कि सियांग जिले में विभिन्न नदियों का जल स्तर बढ़ गया है, जिसमें बांस के पेड़ों सहित कृषि और बागवानी फसलों को बड़े पैमाने पर नुकसान की खबरें हैं।
क्षेत्र में जीआरईएफ (जनरल रिजर्व इंजीनियर फोर्स) के श्रमिक शिविरों को खाली करा लिया गया और 550 लोगों को बोलेंग के सरकारी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में स्थानांतरित कर दिया गया। निचले इलाकों के निवासियों को बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सतर्क रहने को कहा गया है।
स्थानीय विधायक लोम्बो तायेंग ने कहा कि भारी बारिश से निचले इलाकों में बाढ़ के अलावा बड़े पैमाने पर कटाव, फसल भूमि और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है। सियांग का बढ़ता जलस्तर मेबो अनुमंडल के ग्रामीण इलाकों के लिए गंभीर खतरा पैदा कर रहा है।
वहीं, पांगिन-बोलेंग विधायक ओजिंग तासिंग ने कहा कि वह आवश्यक सेवाओं और संचार लाइनों की तत्काल बहाली सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन के लगातार संपर्क में हैं।
भूस्खलन के कारण सबबंग हाइड्रोपावर प्लांट (एसएचपी) की बिजली चैनल और जल-संचालन प्रणाली क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे बिजली उत्पादन प्रभावित हुआ। जिले के छह अपस्ट्रीम गांवों को जोड़ने वाले सुपले गांव में बेली पुल बह गया है।