प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज दिल्ली के तीन मूर्ति भवन में प्रधानमंत्री संग्रहालय का उद्घाटन किया। उद्घाटन के बाद उन्होंने सबसे पहले टिकट भी खरीदा फिर झलक लेने के लिए अंदर गए। मुआयना करने के बाद पीएम मोदी ने अपना संबोधन दिया। अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि इस संग्रहालय में जितना अतीत है, उतना ही भविष्य भी है। ये संग्रहालय देश के लोगों को बीते समय की यात्रा करवाते हुए, नई दिशा-नए रूप में भारत की विकास यात्रा पर ले जाएगा।
हमारे ज्यादातर प्रधानमंत्री बहुत ही साधारण परिवार से: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि ये हम भारतवासियों के लिए बहुत गौरव की बात है कि हमारे ज्यादातर प्रधानमंत्री बहुत ही साधारण परिवार से रहे हैं। सुदूर देहात से आकर, एकदम गरीब परिवार से आकर, किसान परिवार से आकर भी प्रधानमंत्री पद पर पहुंचना भारतीय लोकतंत्र की महान परंपराओं के प्रति विश्वास को दृढ़ करता है। पीएम मोदी ने कहा कि एक दो अपवाद छोड़ दें तो हमारे यहां लोकतंत्र को लोकतांत्रिक तरीके से मजबूत करने की गौरवशाली परंपरा रही है। इसलिए हमारा भी ये दायित्व है कि अपने प्रयासों से लोकतंत्र को मजबूत करते रहें।
भारत, लोकतंत्र की जननी: पीएम मोदी
भारत, लोकतंत्र की जननी है। भारत के लोकतंत्र की बड़ी विशेषता ये भी है कि समय के साथ इसमें निरंतर बदलाव आता रहा है। हर युग में, हर पीढ़ी में, लोकतंत्र को और आधुनिक बनाने, सशक्त करने का निरंतर प्रयास हुआ है।
हमारा लोकतंत्र नए विचारों को स्वीकारने की प्रेरणा देता है: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि हम तो उस सभ्यता से हैं जिसमें कहा जाता है- आ नो भद्राः क्रतवो यन्तु विश्वतः, यानि हर तरफ से नेक विचार हमारे पास आएं! हमारा लोकतंत्र हमें प्रेरणा देता है, नवीनता को स्वीकारने की, नए विचारों को स्वीकारने की।
ये हमारी सरकार का सौभाग्य कि हमने बाबा साहेब मेमोरियल का निर्माण करवाया
पीएम मोदी ने कहा कि ये हमारी सरकार का सौभाग्य है कि दिल्ली में हमने बाबा साहेब की महापरिनिर्वाण स्थली, अलीपुर रोड पर बाबा साहेब मेमोरियल का निर्माण करवाया। बाबा साहेब के जो पंच तीर्थ विकसित किए गए हैं, वो सामाजिक न्याय और अटूट राष्ट्र निष्ठा के लिए प्रेरणा के केंद्र हैं।
पहले इसे नेहरू संग्रहालय भवन के नाम से जाना जाता था
प्रधानमंत्री संगहालय में अब तक के सभी प्रधानमंत्रियों के कार्यों का प्रदर्शन होगा। पहले इसे नेहरू संग्रहालय भवन के नाम से जाना जाता था। बता दें कि पिछले माह पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में नेहरू संग्रहालय को पीएम म्यूजियम में तब्दील करने का फैसला किया गया था।
संग्रहालय में सभी पूर्व प्रधानमंत्रियों के कार्यों को दिखाया गया है
कैबिनेट बैठक के दौरान पीएम मोदी ने कहा था कि सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्रियों के योगदान को स्वीकार करने के लिए यह फैसला किया है। हम सभी पीएम के योगदान को मान्यता देना चाहते हैं। प्रधानमंत्री संग्रहालय में सभी पूर्व प्रधानमंत्रियों के कार्यों को दिखाया गया है। पूर्व प्रधानमंत्रियों के बारे में बहुमूल्य जानकारी के लिए उनके परिवारों से भी संपर्क किया गया था।
संग्रहालय में महत्वपूर्ण पत्राचार, कुछ व्यक्तिगत वस्तुओं, उपहार और यादगार वस्तुएं, सम्मान, पदक, स्मारक टिकट, सिक्के आदि भी प्रदर्शित किए गए हैं। दूरदर्शन, फिल्म डिवीजन, संसद टीवी, रक्षा मंत्रालय, मीडिया हाउस (भारतीय और विदेशी), प्रिंट मीडिया, विदेशी समाचार एजेंसियों, विदेश मंत्रालय आदि संस्थानों के माध्यम से जानकारी एकत्र की गई।
WATCH | PM Narendra Modi visits #PradhanMantriSangrahalaya dedicated to all the Prime Ministers of India.
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- Prasar Bharati News Services (@pbns_india) 14 Apr 2022
इन प्रधानमंत्रियों के बारे में जानने का मिलेगा मौका
इस संग्रहालय में जवाहर लाल नेहरू, गुलजारी लाल नंदा, लाल बहादुर शास्त्री,इंदिरा गांधी, मोरारजी देसाई, चौधरी चरण सिंह,राजीव गांधी, विश्वनाथ प्रताप सिंह, चंद्रशेखर, नरसिंह राव, अटल बिहारी वाजपेयी, एचडी देवगौडा, इंद्रकुमार गुजराल, मनमोहन सिंह को शामिल किया जाएगा।
जानें क्यों है खास
पहली गैलरी मैं 1947 का इतिहास दिखाया जाएगा। साथ ही यहां पंडित जवाहर लाल नेहरू के बारे मे पता चलेगा। उसके बाद भारत के आगे की जीवन के बारे में पता लगेगा। उसके आगे नई इमारत है। यहां सभी आजाद भारत के प्रधानमत्रियो के बारे में पता चलेगा। पारंपरिकता से लेकर आधुनिक भारत की जानकारी मिलेगी।
डिजाइन उभरते भारत की प्रतीक
पीएम संग्रहालय भारत के स्वतंत्रता संग्राम से लेकर संविधान के निर्माण तक की कहानी बताएगा। इसमें बताया गया है कि कैसे हमारे प्रधानमंत्रियों ने विभिन्न चुनौतियों से देश को उबारा और देश की चौतरफा प्रगति सुनिश्चित की। संग्रहालय भवन की डिजाइन उभरते भारत की कहानी से प्रेरित है। इसे नेताओं के हाथों का आकार दिया गया है। डिजाइन में टिकाऊ और ऊर्जा संरक्षण के इंतजाम किए गए हैं।
अत्याधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल
प्रधानमंत्री संग्रहालय में युवाओं को सूचना आसान और रोचक तरीके से प्रस्तुत करने के लिए अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी-आधारित संचार सुविधाओं का इंतजाम किया गया है। प्रदर्शनी को अत्यधिक इंटरैक्टिव बनाने के लिए होलोग्राम, वर्चुअल रियलिटी, ऑगमेंटेड रियलिटी, मल्टी-टच, मल्टी-मीडिया, इंटरेक्टिव कियोस्क, कम्प्यूटरीकृत काइनेटिक मूर्तियां, स्मार्टफोन एप्लिकेशन, इंटरेक्टिव स्क्रीन आदि लगाई गई हैं।