प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यानी 27 जुलाई को नेशनल इंस्टीट्यूशन फॉर ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया (नीति आयोग) की नौवीं गवर्निंग काउंसिल की बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक में 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। गवर्निंग काउंसिल नीति आयोग की शीर्ष निकाय है। इसमे सभी राज्यों के मुख्यमंत्री, केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल और कई केंद्रीय मंत्री शामिल होते हैं। हालांकि, इस बैठक में कौन शामिल होगा कौन नहीं अभी इस पर संशय बना हुआ है।
अभी इनके नाम की पुष्टि नहीं
किस मुद्दे पर होगी चर्चा?
नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक में 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। केंद्र और राज्य सरकार के बीच सहभागी शासन और साझेदारी बढ़ाने के साथ सरकारी हस्तक्षेप के जरिए ग्रामीण और शहरों में रहने वालों के लिए क्वालिटी ऑफ लाइफ में सुधार लाने के लिए डिलिवरी मैकेनिज्म में सुधार लाने पर चर्चा की जाएगी। बैठक में 2047 में भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में राज्यों की भूमिका पर भी चर्चा की जाएगी।
नीति आयोग ने कहा, भारत पांच ट्रिलियन डॉलर की जीडीपी के साथ दुनिया की तीसरी अर्थव्यवस्था बनने की राह पर है और 2047 तक 30 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी के लक्ष्य को हासिल करेगा। 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए केंद्र और राज्यों के बीच सहयोगात्मक दृष्टिकोण की आवश्यकता होगी। नौवें नीति आयोग के गवर्निंग काउंसिल की बैठक में इस विजन पर चर्चा होगी।
क्या है नीति आयोग?
नेशनल इंस्टीट्यूशन फॉर ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया को नीति (NITI) आयोग के नाम से जाना जाता है। यह भारत सरकार का एक नीति थिंक टैंक है, जो सरकार के कामों और नीतियों की जानकारी देता है। इसका उद्देश्य देश के विकास के लिए नीतियां बनाना और राज्यों को सलाह देना है। इस संस्थान की गवर्निंग काउंसिल मीटिंग हर साल होती है, जिसमें देश के प्रधानमंत्री, सभी राज्यों के मुख्यमंत्री, केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल और कई केंद्रीय मंत्री हिस्सा लेते हैं। केंद्र की मोदी सरकार ने 2015 में 65 साल पुराने योजना आयोग की जगह नीति आयोग का गठन किया था।
नीति आयोग सरकार के लॉन्ग टर्म पॉलिसी और कार्यक्रमों के लिए रणनीति तैयार करने में अहम रोल निभाता है। आयोग के अध्यक्ष प्रधानमंत्री होते हैं। अध्यक्ष के अलावा एक उपाध्यक्ष और एक कार्यकारी अधिकारी होता है। इनकी नियुक्ति प्रधानमंत्री करते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने 8 फरवरी 2015 को नीति आयोग की पहली बैठक की अध्यक्षता की थी।