प. बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के नेतृत्व में उत्तर 24 परगना में भी सीएए और एनआरसी के खिलाफ मार्च निकाला गया। वहीं एक विधि कालेज में सीएए पर चर्चा के दौरान टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा, केंद्र सरकार भेदभाव की राजनीति करती है। इसकी नीतियों का गरीबों पर बुरा असर पड़ा है। चाहें वो नोटबंदी हो या नागरिकता संशोधन कानून इसका खामियाजा गरीबों ने ही उठाया है।
लोकतंत्र बचाने में मतभेद को बाधा न बनने दें
सीएए और एनआरसी जैसे फैसलों से लोकतंत्र की रक्षा करते वक्त प्रदेशों के आपसी मतभेद आड़े नहीं आने चाहिए। संघ और भाजपा के खिलाफ एकजुट होना जरूरी है। ऐसे में ममता बनर्जी का बैठक में न आने की घोषणा हमारी लड़ाई को कमजोर कर सकता है।
- सीताराम येचुरी, माकपा महासचिव
देशभर में नागरिकता संशोधन कानून पर विरोध के बीच गुजरात विधानसभा ने शुक्रवार को कानून के समर्थन में एक प्रस्ताव पास किया। इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह को बधाई दी गई। हालांकि कांग्रेस ने प्रस्ताव का विरोध किया। प्रदेश के गृहमंत्री प्रदीपसिंह जडेजा द्वारा लाए प्रस्ताव पर बहस के दौरान हंगामा हुआ।
कांग्रेस विधायक इमरान खेड़ावाला ने सीएए और एनआरसी के खिलाफ खून से लिखे पोस्टर दिखाए। करीब दो घंटे चली बहस के बाद सदन में प्रस्ताव बहुमत से पास हुआ। गौरतलब है कि पिछले महीने केरल में सीएए के विरोध में प्रस्ताव पारित किया था।