प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पश्चिम बंगाल में कथित कोयला घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद अभिषेक बनर्जी के खिलाफ समन जारी किया है। बनर्जी को29 मार्च को पेश होने के लिए कहा गया है।
अधिकारियों ने गुरुवार को कहा कि धन शोधन निरोधक कानून (पीएमएलए) के तहत दर्ज मामले में एजेंसी 34 वर्षीय बनर्जी का बयान दर्ज करेगी। इसके पहले तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राष्ट्रीय सचिव और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे बनर्जी से ईडी के अधिकारियों ने दिल्ली में 21 मार्च को करीब आठ घंटे पूछताछ की थी।
इससे पहले अभिषेक बनर्जी ने रविवार को कहा था कि केंद्र की भाजपा-नीत सरकार पश्चिम बंगाल में 2021 के विधानसभा चुनावों में मिली हार को पचा नहीं सकी है और अपने राजनीतिक हितों के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) का इस्तेमाल कर रही है। अभिषेक ने कहा कि जैसा कि मैंने नवम्बर 2020 में एक जनसभा में कहा था कि यदि कोई व्यक्ति मेरे खिलाफ 10 पैसे की भी अनियमितता का आरोप साबित कर देगा, तो मैं खुद आगे आकर लोगों के सामने फांसी लगा लूंगा। मेरे पीछे ईडी और सीबीआई को लगाने की जरूरत नहीं है।
वहीं, अभिषेक और उनकी पत्नी ने पहले ईडी द्वारा दिल्ली तलब किए जाने के खिलाफ कोर्ट का रुख किया था। याचिका में कहा गया था कि दोनों पश्चिम बंगाल के निवासी हैं, इसलिए एजेंसी द्वारा उन्हें राष्ट्रीय राजधानी में पेश होने के लिए नहीं बुलाया जाए। दिल्ली हाई कोर्ट ने 11 मार्च को उनकी याचिका खारिज कर दी थी। ईडी के अधिकारियों ने अभिषेक बनर्जी से इसी मामले में पिछले साल सितंबर में आठ घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की थी।