फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Maharashtra: क्या अजित पवार वाले एनसीपी गुट में शामिल हो गए हैं नवाब मलिक? फडणवीस की चिट्ठी के मायने समझिए

Thu, 07 Dec 2023 08:49 PM IST
शिव शरण शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

64 वर्षीय नवाब मलिक फरवरी 2022 से लेकर अगस्त 2023 तक मुंबई के आर्थर रोड जेल में थे। वर्तमान में मेडिकल जमानत पर बाहर हैं। मलिक को दाऊद इब्राहिम की बहन के साथ कथित लेन-देन के मामले में जेल भेजा गया था। पार्टी के विभाजन के दौरान वह जेल में थे। अजीत पवार ने उनकी रिहाई की कोशिश की और इसलिए यह अनुमान लगाया गया था कि वह अजित पवार गुट का साथ देंगे। 
विज्ञापन
अजित पवार,नवाब मलिक,देवेंद्र फडणवीस। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अंडरवर्ल्ड से संबंध और मनी लांड्रिंग मामले में जेल में रहे नवाब मलिक को लेकर एक बड़ी जानकारी सामने आई है। कई रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि वे एनसीपी के अजित धड़े में शामिल हो गए हैं। इसके बाद महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम देवेन्द्र फडनवीस ने एनसीपी नेता अजित पवार को पत्र लिखकर एनसीपी नेता नवाब मलिक को 'महायुति' (महागठबंधन) में शामिल नहीं करने के लिए कहा है। 

विज्ञापन



फडणवीस ने लिखा पत्र
मराठी भाषा में लिखे गए अपने पत्र में उन्होंने लिखा कि नवाब मलिक आज विधानमंडल में आए और कामकाज में शामिल हुए। विधायक होने के नाते यह उनका अधिकार है। लेकिन नवाब मलिक को गठबंधन में लेना ठीक नहीं हैं। जिस तरह के आरोप उनपर हैं, उन्हें अपने साथ गठबंधन में लेना सही नहीं है। हमारा मानना है कि सत्ता आती-जाती है पर सत्ता से ज्यादा देश महत्वपूर्ण है। उन्होंने आगे कहा कि मैं यह साफ कर दूं कि हमारी उनके साथ कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं है। अगर उनपर लगे आरोप साबित नहीं हुए तो हमें उनका स्वागत करना चाहिए। लेकिन अभी ऐसे आरोपों के साथ उन्हें गठबंधन में लेना ठीक नहीं है। 
विज्ञापन


सत्ता पक्ष में बैठे मलिक
रिपोर्ट्स के मुताबिक, गुरुवार को जब वे विधानमंडल के शीतकालीन सत्र में शामिल होने पहुंचे तो वह पहले अजित गुट के कार्यालय में गए। वहीं, बाद में वह विधानसभा में सत्ता पक्ष की पंक्ति में जाकर बैठ गए। इसके बाद से यह कहा जा रहा है कि वह अजित गुट में शामिल हो गए हैं। 
विज्ञापन


गौरतलब है कि 64 वर्षीय नवाब मलिक फरवरी 2022 से लेकर अगस्त 2023 तक मुंबई के आर्थर रोड जेल में थे। वर्तमान में मेडिकल जमानत पर बाहर हैं। मलिक को दाऊद इब्राहिम की बहन के साथ कथित लेन-देन के मामले में जेल भेजा गया था। पार्टी के विभाजन के दौरान वह जेल में थे। अजीत पवार ने उनकी रिहाई की कोशिश की और इसलिए यह अनुमान लगाया गया था कि वह अजित पवार गुट का साथ देंगे। 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें