लोकसभा चुनाव 2019 के लिए भाजपा द्वारा जारी की गई उम्मीदवारों की सूची में बिहार के कई सांसदों के टिकट कट गए। इस सूची में कई ऐसे नाम सामने आए, जिनके बारे में लोगों को उम्मीद नहीं थी। केंद्रीय मंत्री और भागलपुर से सांसद रह चुके शाहनवाज हुसैन को भी पार्टी ने इस बार टिकट नहीं दिया। भागलपुर सीट जदयू के खाते में जाने के बाद उम्मीद लगाई जा रही थी कि शाहनवाज को अल्पसंख्यक बाहुल्य क्षेत्र सीमांचल से चुनावी मैदान में उतारा जा सकता है, लेकिन ऐसा भी नहीं हुआ।
भाजपा प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन को टिकट नहीं दिए जाने से भागलपुर के भाजपा समर्थकों में बड़ा रोष है। कुछ स्थानीय पार्टी कार्यकर्ताओं ने तो इस्तीफे की पेशकश कर दी, लेकिन इन सबसे इतर शाहनवाज ने ट्विटर एकाउंट पर अपनी भावनाएं जाहिर की है।
शाहनवाज ने शनिवार को लगातार चार ट्वीट किया, जिसमें उन्होंने भागलपुर से टिकट नहीं मिलने के लिए जदयू को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि इस बार मैं भागलपुर से चुनाव नहीं लड़ूंगा, क्योंकि मेरी सीट नीतीश कुमार की पार्टी जदयू ने ले ली है। हालांकि मैं पार्टी की जीत के लिए कड़ी मेहनत करूंगा।
प्यार और समर्थन के लिए लोगों को किया धन्यवाद
शाहनवाज ने अपने दूसरे ट्वीट में कहा कि भागलपुर की जनता के प्यार और स्नेह को मैं कभी भूल नहीं सकता। मैं हमेशा वहां की जनता के साथ खड़ा रहा हूं। आगे भी साथ रहूंगा। उन्होंने कहा कि मेरी पार्टी ने हमेशा हम पर भरोसा किया। इससे पहले के छह लोकसभा चुनावों में मुझे उम्मीदवार बनाया। इस बार चुनाव नहीं लड़ रहा, लेकिन नरेंद्र मोदी को एक बार फिर इस महान देश का प्रधानमंत्री बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ूंगा। उन्होंने लिखा कि मुझे भाजपा के कार्यकर्ताओं, वरिष्ठ नेताओं और पार्टी अध्यक्ष अमित शाह का स्नेह मिलता रहेगा।