आज सुबह जैसे ही लोकसभा की कार्यवाही शुरू हुई नीट मामले को लेकर हंगामा शुरू हो गया। लोकसभा में विपक्ष मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट में हुई धांधली पर चर्चा की मांग की। इस पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने बाद में चर्चा करने को कहा। हालांकि, विपक्ष इस मांग पर अड़ा रहा कि सदन में पहले नीट पर चर्चा होनी चाहिए। मामला शांत न होता देख सदन की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई।
धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान उठाएं मुद्दा
दोपहर 12 बजे सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू होने पर विपक्षी सदस्यों ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) से जुड़े मामलों पर चर्चा की अपनी मांग जारी रखी। इस पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने विपक्षी सदस्यों से कहा कि वे राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान इस मुद्दे पर चर्चा कर सकते हैं।
बिरला ने कहा कि संसद के कुछ नियम होते हैं, जिनका पालन करना होता है। समितियां गठित करनी होती हैं। इस पर कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने कहा कि छात्रों को इसकी जानकारी नहीं है। वे केवल न्याय की मांग कर रहे हैं।
विपक्ष को दिया आश्वासन
कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस और डीएमके के सदस्यों के हंगामे के बीच रिजिजू ने कहा कि यह पहला मौका है जब राष्ट्रपति के अभिभाषण पर सदन में धन्यवाद प्रस्ताव लेने से पहले विपक्ष किसी मुद्दे पर चर्चा की मांग करता दिख रहा है। उन्होंने कहा, 'मैं विपक्ष को आश्वासन देता हूं कि धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान आप जिस भी मुद्दे को उठाएंगे, हम उसका जवाब देंगे।'
हंगामा जारी रहा
हालांकि, सदस्यों की नारेबाजी के बीच बिरला ने कहा कि लोगों ने इस सदन में सदस्यों को इसलिए चुना है ताकि वे मुद्दों को उठा सकें और उन पर चर्चा कर सकें। कार्यवाही बाधित करने के लिए नहीं चुना है। उन्होंने विपक्ष से सवाल करते हुए कहा, 'सड़क पर प्रदर्शन और सदन के अंदर प्रदर्शन के बीच अंतर है। आप नहीं चाहते कि सदन चले? आप धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान नीट पर चर्चा नहीं करना चाहते हैं?'
सदन में हंगामा जारी रहने पर बिरला ने कार्यवाही सोमवार तक के लिए स्थगित कर दी। वहीं, हंगामे के बीच तृणमूल कांग्रेस के सदस्य एस के नुरुल इस्लाम ने लोकसभा सदस्य के रूप में शपथ ली।
सरकार चर्चा के लिए हमेशा तैयार
किरेन रिजिजू ने बाद में पत्रकारों से कहा, 'सरकार की तरफ से हमने साफ कर दिया है कि जो भी मुद्दा उठाया जाएगा, हम उस पर विस्तृत जानकारी देंगे। हम सदस्यों को एक बार फिर आश्वस्त करते हैं कि सरकार चर्चा के लिए हमेशा तैयार है। लेकिन सदन की कार्यवाही को बाधित करके कांग्रेस पार्टी द्वारा सदन की कार्यवाही नहीं चलने देने की जो प्रवृत्ति अपनाई जा रही है, वह सही नहीं है। मैं इसकी निंदा करता हूं। मैं अपील करता हूं कि ऐसा दोबारा नहीं होना चाहिए।'