भोपाल शताब्दी : दिल्ली और झांसी के बीच चलने वाली यह पहली शताब्दी एक्सप्रेस है। बाद में इसे भोपाल तक चलने की अनुमति मिली। अब इस ट्रेन का नाम भोपाल शताब्दी है। हबीबगंज (भोपाल) से 155 किलोमीटर प्रतिघंटे की गति के साथ भारत की दूसरी सबसे तेज चलने वाली ट्रेनों में एक है। यह नई दिल्ली, ग्वालियर और भोपाल जैसे प्रमुख पर्यटन शहरों से होकर चलती है। यह ट्रेन 1988 में शुरू की गई थी।
राजधानी एक्सप्रेस : मुंबई से दिल्ली के बीच चलने वाली ये राजधानी एक्सप्रेस सुपर फास्ट एक्सप्रेस ट्रेन है। इसकी शुरुआत 1972 में की गई थी। इस राजधानी एक्सप्रेस का आरक्षण चार्ट गाड़ी के चलने से सिर्फ 15 मिनट पहले तैयार किया जाता है। यह ट्रेन 130 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलेगी। राजधानी गाड़ी भारत में शताब्दी और दुरंतो एक्सप्रेस के साथ सबसे तेज ट्रेनों में से एक मानी जाती है।
कानपुर शताब्दी एक्सप्रेस
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कानपुर रिवर्स शताब्दी : भारतीय रेलवे की देन कानपुर से नई दिल्ली तक चलने वाली शताब्दी ट्रेन है। इस ट्रेन को चौथी सबसे अच्छी ट्रेन का दर्जा मिला है। इसकी रफ्तार 140 किलोमीटर प्रतिघंटे है। इसे लखनऊ शताब्दी एक्सप्रेस के रिवर्स टाइम टेबल के कारण कानपुर रिवर्स शताब्दी कहा जाता है। रिवर्स शताब्दी को पिछले साल गोल्ड स्टैंडर्ड में बदला गया था।
सियालदह दुरंतो : भारतीय रेलवे की यह दुरंतो एक्सप्रेस ट्रेन सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेनों में एक है। यह सियालदह और नई दिल्ली के बीच अधिकतम 132 किलोमीटर प्रतिघंटे घंटे की गति से चलती है। दुरंतो एक्सप्रेस श्रेणी की रेलगाड़ियां लंबी दूरी की ट्रेन हैं।