पुलिस ने बताया कि महिला ने अपने घर पर खुद पर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगा ली, लेकिन परिवार के सदस्यों ने उसे बचा लिया और सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया।
बंगाली फिल्म उद्योग और टेलीविजन उद्योग में काम करने वाली एक महिला हेयरस्टाइलिस्ट ने नौकरी छिन जाने के बाद खुद को आग लगाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। हेयर स्टाइलिस्ट ने अपने कुछ सहकर्मियों पर उसे काम पाने से रोकने का आरोप लगाया। पुलिस ने बताया कि खुदकुशी की कोशिश करने से पहले महिला कर्मी ने एक ऑडियो रिकॉर्ड किया और एक नोट लिखा। इसमें उसने अपनी दुर्दशा के लिए 10 लोगों को जिम्मेदार ठहराया। इसके बाद तकनीशियनों और निर्देशकों की प्रमुख संस्था फेडरेशन ऑफ सिने टेक्निशियंस एंड वर्कर्स ऑफ ईस्टर्न इंडिया ने आरोपों की जांच कराने की बात कही है।
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पुलिस ने बताया कि महिला ने अपने घर पर खुद पर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगा ली, लेकिन परिवार के सदस्यों ने उसे बचा लिया और सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। हेयर स्टाइलिस्ट ने आरोप लगाया कि मुझे स्वतंत्र रूप से कुछ प्रोजेक्ट का हिस्सा बनने की अनुमति नहीं दी जा रही थी। सहमति के लिए लंबा इंतजार कराया जा रहा था। मुझे तकनीकी एसोसिएशन ने कोई प्रोजेक्ट भी नहीं दिया था। इससे मुझ पर जबरदस्त वित्तीय दबाव पड़ा है। मेरा परिवार पिछले कुछ समय से एक तरह से भूखा मर रहा है। इसलिए मैं अपनी जान लेने के लिए मजबूर हूं। उसने अपनी स्थिति के लिए 10 सहकर्मियों को जिम्मेदार ठहराते हुए उनका नाम लिया।
बताया जाता है कि महिला को एक मई को तकनीशियनों के निकाय ने अनुशासनहीनता करने पर तीन महीने के लिए नौकरी से निकाल दिया था। इसके बाद वह किसी भी प्रोजेक्ट में काम करने के लिए स्वतंत्र थीं। किसी भी प्रोजेक्ट के लिए उन्हें चुनना प्रोडक्शन हाउस का विवेक है। महिला के कदम के प्रति एकजुटता दिखाते हुए अभिनेत्री श्रीलेखा मित्रा ने फेसबुक पर लिखा कि उसे महीनों से कोई असाइनमेंट नहीं मिल रहा था। वह न्याय के लिए किसके पास जाएगी?
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अभिनेता सुदीप्त चक्रवर्ती ने कहा कि महिला 22 साल से उद्योग में है। उसने एक शूटिंग अटेंडेंट के रूप में शुरुआत की और बाद में हेयरड्रेसर बन गई। मैं उसके साथ खड़ा रहूंगा और किसी भी अन्याय का विरोध करूंगा। पहले उसे ठीक होने दें। फिल्म निर्माताओं की प्रतिनिधि संस्था डायरेक्टर्स एसोसिएशन ऑफ ईस्टर्न इंडिया (डीएईआई) ने भी हेयर स्टाइलिस्ट के समर्थन में आवाज उठाई। डीएईआई ने कहा कि हेयर स्टाइलिस्ट की जान बचा ली गई है और उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है, लेकिन उसे घर पर लंबे समय तक काउंसलिंग की आवश्यकता होगी।
एसोसिएशन ने कहा कि हमें इस घटना को दोबारा दोहराने की जरूरत नहीं है। हम सभी उद्योग में ऐसे गुंडों के खिलाफ एकजुट हों। फेडरेशन ऑफ सिने टेक्निशियंस एंड वर्कर्स ऑफ ईस्टर्न इंडिया के अध्यक्ष स्वरूप बिस्वास ने बताया कि उन्होंने घटना के बारे में सुना है। भेदभाव के आरोपों और शिकायतों की जांच के लिए गठित एक समिति इस मुद्दे की जांच करेगी। अगर आरोप सही पाए गए तो हम उचित कार्रवाई करेंगे।