डीजीपी रुपिन ने बताया कि ड्रग्स मामले में कोहिमा जिले के जुबजा पुलिस स्टेशन क्षेत्र से 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद नगालैंड के अलावा मणिपुर, असम, अरुणाचल प्रदेश और पंजाब में संचालित एक अंतरराज्यीय रैकेट का खुलासा हुआ। इस मामले में जांच अभी भी जारी है।
पूर्वोत्तर भारत के राज्य नगालैंड में इस साल अब तक कुल 456 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। साथ ही 190 करोड़ रुपये के अवैध मादक पदार्थ जब्त किए गए। राज्य के पुलिस महानिदेशक रुपिन शर्मा ने इस बारे में जानकारी दी। उन्होंने बुधवार को एक प्रेस कांफ्रेस के दौरान इस बात की जानकारी दी।
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प्रेस कांफ्रेस के दौरान डीजीपी रुचिन ने बताया कि इतने लेगों की गिरफ्तारी और ड्रग्स की बरामदगी के मामलों में कुल मिलाकर 318 एफआईआर दर्ज की गई हैं। जब्त किए गए अवैध मादक पदार्थों में 1171 किलो गांजा, 32 किलो अफीम, 26.63 किलो हेरोइन और 5.46 किलो ब्राउन शुगर शामिल है।
डीजीपी रुपिन ने बताया कि ड्रग्स मामले में कोहिमा जिले के जुबजा पुलिस स्टेशन क्षेत्र से 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद नगालैंड के अलावा मणिपुर, असम, अरुणाचल प्रदेश और पंजाब में संचालित एक अंतरराज्यीय रैकेट का खुलासा हुआ। इस मामले में जांच अभी भी जारी है।
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डीजीपी रुपिन शर्मा ने आगे कहा कि यह कार्रवाई नगालैंड को नशा मुक्त बनाने के हमारे उद्देश्यों के तहत की गई है। उन्होंने कहा कि हम 2047 तक नशा मुक्त राष्ट्र बनाने की दिशा में केंद्र की कोशिशों के क्रम में नगालैंड के लिए भी प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि ड्रग्स की तस्करी में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से शामिल पाए गए आठ पुलिस कर्मियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है।