लोकसभा चुनाव से पहले बंगाल से कांग्रेस के लिए बुरी खबर आई है। शुक्रवार को कौस्तुब बागची ने कोलकाता में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सुकांत मजूमदार और नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी की मौजदूगी में भाजपा में शामिल हो गए। उनके साथ ही कांग्रेस के तीन अन्य नेताओं ने भाजपा का दामन थाम लिया।
उल्लेखनीय है कि कल ही कौस्तुब ने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था। इस्तीफा देने के बाद से ही अटकलें लगाई जा रही थीं कि वे भाजपा के साथ जा सकते हैं। कांग्रेस से इस्तीफा देते हुए उन्होंने दावा किया था कि पार्टी के भीतर सम्मान की कमी है। उन्होंने अपना इस्तीफा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को भेज दिया था। इस्तीफे की कापियां पार्टी के राज्य प्रमुख अधीर रंजन चौधरी और प्रदेश प्रभारी गुलाम अहमद मीर को भी भेजी थी।
कौस्तव बागची ने कहा था, शायद अब मुझे लोग पार्टी विरोधी कहेंगे। लेकिन मैं एक बात बार बार कहूंगा कि मैं कांग्रेस के तृणमूल से हाथ मिलाने के खिलाफ हूं। उल्लेखनीय है कि कांग्रेस और तृणमूल दोनों ही इंडिया गठबंधन का हिस्सा है। उन्होंने कहा था कांग्रेस के शीर्ष नेता बंगाल की इकाई को महत्व नहीं देते हैं। मैं अपने आत्मसम्मान के साथ समझौता नहीं करना चाहता हूं।
भाजपा में शामिल होने का संकेत देते हुए बागची ने कहा था, एक या दो दिन के भीतर सब स्पष्ट हो जाएगा। उन्होंने कल कहा था, फिलहाल भाजपा के शुभेंदु अधिकारी ही हैं जो टीएमसी को हटा सकते हैं।